बिहार: आय से 64% अधिक संपत्ति का मामला, योजना विभाग के इंजीनियर के 5 ठिकानों पर EOU के छापे
बिहार में भ्रष्टाचार के खिलाफ आर्थिक अपराध इकाई (EOU) ने एक बड़ी कार्रवाई की है। आय से अधिक संपत्ति रखने के आरोप में योजना एवं विकास विभाग के एक कार्यपालक अभियंता नारद कुमार दास के खिलाफ शिकंजा कसते…
बिहार में भ्रष्टाचार के खिलाफ आर्थिक अपराध इकाई (EOU) ने एक बड़ी कार्रवाई की है। आय से अधिक संपत्ति रखने के आरोप में योजना एवं विकास विभाग के एक कार्यपालक अभियंता नारद कुमार दास के खिलाफ शिकंजा कसते हुए EOU ने उनके पांच ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के अनुसार, यह कार्रवाई गुरुवार को पटना, भागलपुर, मुंगेर और मुजफ्फरपुर में एक साथ की गई।
एजेंसी के मुताबिक, नारद कुमार दास के खिलाफ EOU को विश्वसनीय स्रोतों से जानकारी मिली थी। शुरुआती जांच में पाया गया कि उन्होंने अपने ज्ञात आय के स्रोतों से 83,53,200 रुपये अधिक की संपत्ति अर्जित की है। यह रकम उनकी वैध आय से करीब 64.93 प्रतिशत ज्यादा है, जिसके बाद उनके खिलाफ मामला दर्ज किया गया।
कानूनी प्रक्रिया और छापेमारी
इस मामले में EOU ने पटना की विशेष निगरानी अदालत से तलाशी का अधिपत्र (सर्च वारंट) हासिल किया था। इसके बाद पुलिस उपाधीक्षक (DSP) रैंक के अधिकारियों के नेतृत्व में अलग-अलग टीमों का गठन किया गया। इन टीमों ने गुरुवार सुबह से ही अभियंता के सभी पांच ठिकानों पर तलाशी अभियान शुरू कर दिया।
यह मामला आर्थिक अपराध इकाई थाना कांड संख्या-28/26 के तहत भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 (संशोधित 2018) की धारा 13(1)(बी) और 13(2) के अंतर्गत दर्ज किया गया है।
इन ठिकानों पर हुई कार्रवाई
EOU की टीमों ने जिन पांच स्थानों पर छापेमारी की, उनमें शामिल हैं:
- भागलपुर: तिलकामांझी स्थित हनुमान पथ पर मौजूद आवास।
- मुंगेर: बेलन बाजार के बंगाली टोला स्थित परिसर और स्थानीय क्षेत्र अभियंत्रण संगठन का सरकारी कार्यालय।
- मुजफ्फरपुर: काजी मोहम्मदपुर इलाके के राधिका अपार्टमेंट का एक फ्लैट।
- पटना: रूपसपुर थाना क्षेत्र के कुसुमपुरम मोहल्ले में स्थित आवास।
अधिकारियों ने बताया कि सभी जगहों पर संपत्ति से जुड़े दस्तावेजों और अन्य रिकॉर्ड की गहन जांच की जा रही है। तलाशी पूरी होने के बाद ही बरामद संपत्ति और अन्य सबूतों के बारे में विस्तृत जानकारी दी जाएगी।
इनपुट: IANS



