Bihar: बेगूसराय में GPDP-SDG स्थानीयकरण पर जिला स्तरीय प्रशिक्षण, पंचायतों को मिला योजनाबद्ध विकास का रोडमैप h3>
बिहार के बेगूसराय जिले में ग्राम पंचायतों को योजनाबद्ध, समावेशी और सतत विकास की दिशा में सशक्त बनाने के उद्देश्य से एक दिवसीय जिला स्तरीय गैर-आवासीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह प्रशिक्षण ग्राम पंचायत विकास योजना और सतत विकास लक्ष्यों के स्थानीयकरण विषय पर केंद्रित रहा, जिसका आयोजन जिला पंचायत संसाधन केंद्र कंकौल में किया गया।
दीप प्रज्ज्वलन के साथ कार्यक्रम का उद्घाटन
कार्यक्रम का उद्घाटन जिला प्रतिरक्षण पदाधिकारी सह नोडल पदाधिकारी, जिला पंचायत संसाधन केंद्र द्वारा दीप प्रज्ज्वलन कर किया गया। प्रशिक्षण में सदर प्रखंड के साथ वीरपुर, भगवानपुर और तेघड़ा प्रखंड के ग्राम पंचायत मुखिया, पंचायत सचिव तथा प्रखंड एवं पंचायत कार्यपालक सहायकों ने भाग लिया।
GPDP निर्माण और जनभागीदारी पर जोर
प्रशिक्षण सत्रों के दौरान प्रतिभागियों को ग्राम पंचायत विकास योजना निर्माण की प्रक्रिया, स्थानीय आवश्यकताओं की पहचान, जनभागीदारी की भूमिका और डेटा आधारित निर्णय प्रक्रिया की विस्तृत जानकारी दी गई। साथ ही स्वस्थ ग्राम पंचायत की अवधारणा पर विशेष फोकस किया गया।
स्वास्थ्य और पर्यावरण को प्राथमिकता देने की सलाह
प्रशिक्षकों ने बताया कि स्वास्थ्य, स्वच्छता, पोषण, सुरक्षित पेयजल और पर्यावरण संरक्षण जैसे विषयों को GPDP में प्राथमिकता देकर पंचायतों को आत्मनिर्भर बनाया जा सकता है। इन क्षेत्रों में योजनाबद्ध कार्य से गांवों का समग्र विकास संभव है।
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आपदा जोखिम कम करने पर हुई चर्चा
कार्यक्रम में आपदा जोखिम को कम करने के उद्देश्य से जोखिम-सूचित ग्राम पंचायत विकास योजना तैयार करने की प्रक्रिया पर भी विस्तार से चर्चा की गई। पंचायत प्रतिनिधियों को बताया गया कि बाढ़, सुखाड़, ठंड और अन्य प्राकृतिक आपदाओं को ध्यान में रखकर योजना बनाने से संभावित नुकसान को कम किया जा सकता है।
स्वस्थ ग्राम थीम को प्राथमिकता देने का आह्वान
प्रशिक्षण को संबोधित करते हुए जिला प्रतिरक्षण पदाधिकारी ने पंचायत प्रतिनिधियों से GPDP में स्वस्थ ग्राम थीम को प्राथमिकता देने का आह्वान किया। उन्होंने पंचायत स्तर पर स्वास्थ्य और पोषण कार्यक्रमों को मजबूत करने, आयुष्मान आरोग्य मंदिरों के नियमित अनुश्रवण और जन आरोग्य समिति की मासिक बैठक सुनिश्चित करने पर बल दिया।
RGSA के तहत चरणबद्ध प्रशिक्षण
जिला पंचायत राज पदाधिकारी ने कहा कि GPDP के माध्यम से जिले की सभी ग्राम पंचायतों में योजनाबद्ध और समावेशी विकास सुनिश्चित करना प्रशासन की प्राथमिकता है। उन्होंने बताया कि राष्ट्रीय ग्राम स्वराज अभियान के तहत राज्य पंचायत संसाधन संस्था और पंचायत राज विभाग, बिहार सरकार के सहयोग से पंचायत प्रतिनिधियों और कर्मियों को चरणबद्ध रूप से प्रशिक्षित किया जा रहा है।
इस प्रशिक्षण कार्यक्रम से पंचायत प्रतिनिधियों को विकास योजनाओं को बेहतर ढंग से तैयार करने, उनके क्रियान्वयन में पारदर्शिता लाने और जनभागीदारी को मजबूत करने में मदद मिलने की उम्मीद जताई गई है।

