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सर्जरी से किडनी डैमेज, टांका लगाकर रेफर, मौत: सतना में युवक के परिजनों का हंगामा, 20 करोड़ मुआवजा मांगा; डॉक्टर बोले-गलती हो गई – Satna News

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सर्जरी से किडनी डैमेज, टांका लगाकर रेफर, मौत:  सतना में युवक के परिजनों का हंगामा, 20 करोड़ मुआवजा मांगा; डॉक्टर बोले-गलती हो गई – Satna News

सर्जरी से किडनी डैमेज, टांका लगाकर रेफर, मौत: सतना में युवक के परिजनों का हंगामा, 20 करोड़ मुआवजा मांगा; डॉक्टर बोले-गलती हो गई – Satna News


मध्यप्रदेश के सतना में कथित मेडिकल लापरवाही का मामला सामने आया है। किडनी स्टोन के ऑपरेशन के बाद युवक की हालत बिगड़ी और उसे रीवा रेफर किया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। घटना के बाद परिजनों ने सतना में जमकर हंगामा किया और 20 करोड़ रुपए मुआवजे की मांग की। परिजनों ने पहले सोमवार रात को कोलगवां थाना के पास शव रखकर हाईवे जाम किया। पुलिस ने समझाइश देकर जाम खुलवाया, लेकिन इसके बाद परिजन पाठक हॉस्पिटल के बाहर शव रखकर धरने पर बैठ गए। हालात संभालने के लिए तीन थानों की पुलिस तैनात करनी पड़ी। परिवार का आरोप है कि ऑपरेशन के दौरान डॉक्टरों की लापरवाही से मरीज की दूसरी किडनी भी क्षतिग्रस्त हो गई। गंभीर हालत में उसे टांका लगाकर रीवा रेफर कर दिया,जहां उसकी मौत हो गई। पन्ना निवासी युवक का हुआ था ऑपरेशन जानकारी के मुताबिक पन्ना जिले के देवेंद्रनगर निवासी रवि रजक को किडनी में पथरी की शिकायत थी। परिजन उसे इलाज के लिए सतना के मुख्तियारगंज स्थित अस्पताल लेकर पहुंचे थे। जांच के बाद डॉक्टरों ने ऑपरेशन की सलाह दी। 4 अप्रैल को पाठक नर्सिंग होम में करीब 5 घंटे तक सर्जरी चली। आरोप है कि इसी दौरान डॉक्टरों ने लापरवाही बरती और स्वस्थ किडनी में भी कट लगा दिया। रीवा में खुली लापरवाही की परतें ऑपरेशन के बाद मरीज की हालत बिगड़ने लगी, जिस पर उसे रीवा के सुपर स्पेशलिटी अस्पताल रेफर किया गया। यहां जांच में सामने आया कि दूसरी किडनी पर गहरा कट था, जिसे टांका लगाया था। खून का रिसाव और संक्रमण बढ़ने के कारण डॉक्टरों को दूसरी किडनी भी निकालनी पड़ी। इसके बाद मरीज की हालत लगातार बिगड़ती गई और अंततः उसकी मौत हो गई। रीवा अधीक्षक बोले- किडनी काम नहीं कर रही थी सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल, रीवा के अधीक्षक डॉ. अक्षय श्रीवास्तव ने बताया कि जब मरीज को यूरोलॉजी विभाग में भर्ती किया गया, तब उसकी किडनी काम करने की स्थिति में नहीं थी। उन्होंने कहा कि मरीज का अधिकांश इलाज सतना में हुआ था और रीवा में केवल डायलिसिस किया गया। इस केस की विस्तृत जानकारी फिलहाल उपलब्ध नहीं है। पिता बोले- मामूली पथरी में चली गई जान मृतक के पिता गिरधारीलाल रजक ने आरोप लगाया कि उनके बेटे को सिर्फ पथरी की समस्या थी, लेकिन इलाज में लापरवाही के कारण उसकी जान चली गई। उन्होंने आरोप लगाया कि डॉ. पुष्पेंद्र सिंह, डॉ. राजीव पाठक और डॉ. राजीव सिंह की लापरवाही से यह घटना हुई। परिजनों ने तीनों डॉक्टरों पर केस दर्ज कर गिरफ्तारी की मांग की है।
सीएसपी से महिलाओं की झड़प प्रदर्शन के दौरान स्थिति तनावपूर्ण हो गई। अस्पताल की ओर जाने से रोकने पर महिलाओं की सीएसपी देवेन्द्र सिंह से बहस और झड़प हो गई। मौके पर भारी पुलिस बल तैनात कर स्थिति नियंत्रित की गई। वीडियो में डॉक्टर ने मानी गलती घटना का एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें ऑपरेशन करने वाले डॉक्टर पुष्पेंद्र सिंह परिजनों से बातचीत करते नजर आ रहे हैं। वीडियो में डॉक्टर अपनी गलती स्वीकार करते और मामले को शांत करने की अपील करते दिख रहे हैं। पहले भी की थी शिकायत परिजनों का कहना है कि उन्होंने चार दिन पहले ही सीएमएचओ डॉ. मनोज शुक्ला को लिखित शिकायत दी थी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। सीएमएचओ ने कहा है कि मामला संज्ञान में है। जांच के लिए टीम गठित की जाएगी और आरोप सही पाए जाने पर सख्त कार्रवाई होगी। 4 घंटे चला प्रदर्शन, 5 लाख पर बनी सहमति करीब 4 घंटे चले प्रदर्शन के बाद रात 11:30 बजे पुलिस, डॉक्टरों और परिजनों के बीच कई दौर की बातचीत हुई। अंततः 5 लाख रुपए के चेक और 50 हजार रुपए नगद तात्कालिक सहायता पर सहमति बनी, जिसके बाद धरना समाप्त हुआ। साथ ही आश्वासन दिया गया कि रीवा के संजय गांधी अस्पताल से पोस्टमाॅर्टम रिपोर्ट आने के बाद पूरे मामले की जांच कर दोषियों पर कार्रवाई की जाएगी।

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