भारत में स्पूतनिक-V का लगा पहला टीका, जानें किसने ली सबसे पहले यह वैक्सीन

230
भारत में स्पूतनिक-V का लगा पहला टीका, जानें किसने ली सबसे पहले यह वैक्सीन

भारत में स्पूतनिक-V का लगा पहला टीका, जानें किसने ली सबसे पहले यह वैक्सीन

कोरोना वायरस के खिलाफ जंग में अब तीसरा हथियार भी उतर चुका है। भारत के टीकाकरण अभियान को अब और गति मिलने वाली है, क्योंकि भारत में रूस से आई स्पूतनिक-V का पहला टीका लग गया है। भारत में सबसे पहले डॉ. रेड्डी लोबोरेटरीज के कस्टम फार्मा सर्विस के ग्लोबल हेड दीपक सप्रा ने रूसी स्पूतनिक-V वैक्सीन की पहली खुराक ली है। कंपनी के ही दीपक सप्रा को हैदराबाद में वैक्सीन की पहली डोज दी गई। बता दें कि स्पूतनिक-वी से पहले भारत के पास कोविशील्ड और कोवैक्सीन हैं।

इसी के साथ भारत में स्पूतनिक-V वैक्सीन का आगाज हो चुका है। कंपनी ने इसकी कीमत भी निर्धारित कर दी है। भारतीय बाजारों में रूस से आई वैक्सीन स्पूतनिक-V की कीमत करीब 955 रुपए होगी। हालांकि, कंपनी का कहना है कि जब भारत में इस वैक्सीन का उत्पादन शुरू होगा तो इसकी कीमतों में कमी हो सकती है। यह वैक्सीन अगले सप्ताह से मार्केट में उपलब्ध होगी। 

इधर, भारत के टीकाकरण अभियान में इसे जल्द ही शामिल किया जाएगा, क्योंकि सरकार का कहना है कि इस महीने के अंत तक 30 लाख और स्पूतनिक टीके की खुराक भारत पहुंचेंगी। फिलहाल, देश में 1.5 लाख रूसी वैक्सीन ही उपलब्ध है। सरकार की देश में इस टीके का उत्पादन शुरू करने के लिए रेड्डी लेबोरेटरी के अलावा पांच अन्य कंपनियों के साथ बातचीत चल रही है। इनमें हेटेरो बॉयोफॉर्मा, विरचोव बॉयोटैक, स्टेलिस बॉयोफॉर्मा, ग्लैंड बॉयोफॉर्मा तथा पैनाशिया बॉयोटैक शामिल हैं। सरकार की कोशिश है कि जुलाई से देश में निर्मित स्पूतनिक वी वैक्सीन मिलनी शुरू हो जाएगी।

ट्रायल में रहा था कारगर
शुरुआत में इस वैक्सीन की क्षमता पर सवाल खड़े किए गए, मगर बाद में जब इस साल फरवरी में ट्रायल के डेटा को द लांसेट में पब्लिश किया गया तो इसमें इस वैक्सीन को सेफ और इफेक्टिव बताया गया। दरअसल कोविड-19 के रूसी टीके ‘स्पूतनिक-V के तीसरे चरण के परीक्षण में यह 91.6 प्रतिशत प्रभावी साबित हुई है और कोई दुष्प्रभाव भी नजर नहीं आया। ‘द लांसेट’ जर्नल में प्रकाशित आंकड़ों के अंतरिम विश्लेषण में यह दावा किया गया है। अध्ययन के ये नतीजे करीब 20,000 प्रतिभागियों से एकत्र किए गए आंकड़ों के विश्लेषण पर आधारित हैं। 

भारत ने दी है आपात इस्तेमाल की मंजूरी
इसके दो महीने बाद अप्रैल महीने में भारत में रूसी कोरोना टीके ‘स्पूतनिक -v’ के आपात इस्तेमाल को मंजूरी दे दी गई। भारत के केंद्रीय औषधि प्राधिकरण की एक विशेषज्ञ समिति ने देश में कुछ शर्तों के साथ रूसी कोरोना टीके ‘स्पूतनिक वी’ के आपात इस्तेमाल को मंजूरी देने की सिफारिश की थी, जिस पर भारत के औषधि महानियंत्रक (डीसीजीआई) ने अपनी मुहर लगाई। गमालया इंस्टीट्यूट ने दावा किया की कि स्पुतनिक-वी कोरोना के खिलाफ अब तक विकसित सभी टीकों में सबसे अधिक प्रभावी है।

Source link