छिंदवाड़ा में ठंड ने तोड़ा 10 साल का रिकॉर्ड: पारा 8.7 डिग्री पहुंचा, ग्रामीण इलाकों में 7 डिग्री; 3 दिन शीतलहर का अलर्ट – Chhindwara News h3>
छिंदवाड़ा में दिसंबर के मध्य में ही कड़ाके की ठंड ने पिछले 10 साल के रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। शहरी इलाकों में न्यूनतम तापमान लगातार 9 डिग्री सेल्सियस से नीचे बना हुआ है, जबकि ग्रामीण क्षेत्रों में यह 7 डिग्री तक पहुंच गया है। जिले का न्यूनतम तापमान 8.7
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मौसम विभाग के अनुसार, पहाड़ी राज्यों में हो रही बर्फबारी का असर मैदानी इलाकों में दिख रहा है। उत्तर भारत के ऊपर जमीन से 12 से 13 किलोमीटर की ऊंचाई पर करीब 200 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से जेट स्ट्रीम चल रही है। इसी वजह से उत्तर दिशा से बर्फीली हवाएं मध्यप्रदेश और छिंदवाड़ा की ओर आ रही हैं, जिससे तापमान में लगातार गिरावट हो रही है।
इस बार लगातार 9 डिग्री से नीचे बना है पारा
पिछले 10 वर्षों के आंकड़ों पर नजर डालें तो दिसंबर में आमतौर पर दो से तीन दिन ही कोल्ड वेव की स्थिति बनती थी। लेकिन इस बार स्थिति अलग है। इस सीजन में लगातार कई दिनों से तापमान 9 डिग्री के नीचे बना हुआ है। दो दिन तो पारा 8 डिग्री से भी नीचे दर्ज किया गया है। आने वाले दिनों में तापमान और लुढ़कने के आसार हैं।
तामिया-जुन्नारदेव में सुबह 8 बजे तक कोहरा
जिले के पहाड़ी इलाकों जैसे कोयलांचल, जुन्नारदेव और तामिया की वादियों में ठंड के साथ घना कोहरा छाया हुआ है। यहां सुबह 8 बजे तक कोहरा रहने से विजिबिलिटी काफी कम हो जाती है। इसके चलते सुबह के समय वाहनों की रफ्तार धीमी हो गई है और लोगों को आने-जाने में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
बाजारों में सन्नाटा, अलाव का ले रहे सहारा
कड़ाके की ठंड से जनजीवन प्रभावित हुआ है। सुबह और देर रात लोग घरों से कम निकल रहे हैं। बाजारों में रौनक देर से लौटती है और शाम होते ही सड़कों पर सन्नाटा पसर जाता है। लोग ठंड से बचने के लिए अलाव और गर्म कपड़ों का सहारा ले रहे हैं। मजदूर वर्ग, बुजुर्ग और बच्चे ठंड से सबसे ज्यादा प्रभावित हैं।
बुजुर्गों और बच्चों को सावधानी बरतने की सलाह
मौसम विभाग और विशेषज्ञों ने ठंड को देखते हुए सावधानी बरतने की सलाह दी है। बुजुर्गों, बच्चों और बीमार व्यक्तियों को ठंडी हवाओं से बचने और रात के समय विशेष ख्याल रखने को कहा गया है।
