जानिए पक्षियों के V-Formation में उड़ने के पीछे का विज्ञान।

जानिए पक्षियों के V-Formation में उड़ने के पीछे का विज्ञान।
जानिए पक्षियों के V-Formation में उड़ने के पीछे का विज्ञान।

जानिए पक्षियों के V-Formation में उड़ने के पीछे का विज्ञान।

आसमान में पक्षियों को उड़ता देख हमने कई बार यह चीज़ गौर करी होगी की अक्सर पक्षी जब एक साथ उड़ते है तो अंगेज़ी शब्त V बनाते है। अगर आपने भी यह देखा है और पीछे का विज्ञान जानना चाहते है तो पढ़ते रहे. दरअसल V- फार्मेशन में उड़ने से पक्षी हवा को काटकर अपनी ऊर्जा बचाने के लिए ऐसे उड़ते है और साथ ही अपने साथ उड़ रहे पक्षी की मदद का ज़रिया बन जाते है।

जी हां वैज्ञानिकों ने पाया है कि v आकार में उड़ती पक्षियां किसी अकेली पक्षी के मुकाबले दस से बीस प्रतिशत उर्जा बचाकर लगभग 5 किलोमीटर प्रति घंटा अधिक तेज उड़ पाती है. प्रजनन के बाद जब बच्चे बड़े होकर पूरी तरह उड़ान भरने लगते हैं, तो इन्हें भी इन लम्बी यात्राओं में शामिल कर लिया जाता है. लेकिन यह भी देखा गया है. कि उड़ते पक्षियों के अधिकांश समूहों में बच्चे सबसे आगे उड़ते हैं, ताकि वे लगातार बड़ों की निगाहों में बने रहें.

पक्षियों के V-Formation
flock of migrating canada geese birds flying at sunset

आकाश मार्ग का रास्ता लंबा होता है, जिसे कुछ पक्षी तो एक बार में ही पूरा कर लेते हैं, तो कुछ रूक रूक कर कई दिनों या कुछ सप्ताहों में यह रास्ता तय करते है. बिना रुके एक बार में सबसे लंबी उड़ान भरने का विश्व रिकॉर्ड छोटे गुदरा के नाम है. यह पक्षी अलास्का से उड़कर न्यूज़ीलैंड के अपने प्रजनन स्थलों तक का 11000 किलोमीटर का सफर एक बार में पूरा कर डालता है. कहा जाता है कि इस लम्बी उड़ान के दौरान उसके शरीर का वजन आधे से भी काम रह जाता है.

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पक्षियों के V-Formation

लेकिन कम ऊंचाई पर उड़ने वाले अधिकाँश पक्षी सीधे सफर करने की जगह बीच बीच में रूककर विश्राम करते और भोजन तलाशते हैं. कई बार यह विश्राम उनके लिए खतरे का कारण भी बन जाता है.