पश्चिम बंगाल की राजनीति में एक अहम घटनाक्रम में, चुनाव आयोग ने अखिल भारतीय तृणमूल कांग्रेस (AITMC) के नाम और उसके आरक्षित चुनाव चिन्ह 'फूल-घास' के इस्तेमाल पर तत्काल प्रभ…
आयोग के इस निर्देश के बाद, अब दोनों में से कोई भी खेमा आगामी चुनावों में पार्टी के मूल नाम या चुनाव चिन्ह का उपयोग नहीं कर पाएगा। दोनों पक्षों को 18 सितंबर की सुबह 11 बजे…
चुनाव आयोग ने स्पष्ट किया है कि दोनों गुट अपने लिए अलग-अलग नाम चुन सकते हैं। अगर वे चाहें तो अपने नए नाम के साथ मूल पार्टी 'AITMC' से अपने संबंध का उल्लेख भी कर सकते हैं।…
यह निर्णय गुरुवार को नई दिल्ली में दोनों गुटों के साथ हुई अंतिम दौर की सुनवाई के बाद लिया गया। आयोग ने पहले ऋतब्रत बनर्जी और अरूप रॉय के नेतृत्व वाले गुट के प्रतिनिधियों…
लंबे समय से दोनों खेमे खुद को असली तृणमूल कांग्रेस बताते हुए पार्टी के संगठन और चिन्ह पर अपना दावा जता रहे थे। आयोग के इस कदम से राज्य की सियासत में हलचल तेज हो गई है और…
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