होली का त्यौहार ऐसा त्यौहार है ,जिसका हर कोई इंतजार करता है, होली के त्यौहार को हम सब पुराने मनमुटाव को भूलाकर आपस में एक-दूसरे को रंग लगाकर उल्लास के साथ मनाते हैं. लेकिन आज जो हम बात करने वाले हैं व…
इसके साथ ही ये भी बता दें कि कबीरा की शुरुआत का वाक्य ही कबीरा सर र र र से होता था और अंत भी उसी से ! हो सकता है कि इसका कारण ये भी रहा हो कि कबीर जी की उद्धतता ,साफगोई और बेलौस बोलने के गुणों के चलते…
मध्ययुग में धर्माचार्यों ने वसन्तोत्सव को सात्विक रूप भी दिया लेकिन ये उतना लोकप्रिय नहीं हुआ. संतों ने होली पर शिष्ट गीत भी लिखे लेकिन वो इतने प्रचलित नहीं हो पाए. उनमें से 5-10 ही चलन में होंगे. गंव…
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फाल्गुन पूर्णिमा को होली के नाम पर आज हम जो त्यौहार मनाते हैं वो वास्तव में वसन्तोत्सव का ही बदला हुआ रूप है. होली या होरी का शब्द उत्सव के रूप में ज्यादा पुराना नहीं है. 5 वीं शताब्दी से पहले का तो ब…
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