भारत एक लोकतांत्रिक देश है. जिसमें शासन चलाने वाले प्रतिनिधियों का चुनाव जनता द्वारा किया जाता है. जिस तरह से देश में शासन व्यवस्था को संभालने के लिए लोकसभा और राज्यसभा होती है, वैसे ही राज्यों में वि…
भारत में अगर चुने हुए प्रतिनिधियों की बात करें, तो आमतौर पर उनका चुनाव 5 वर्ष के लिए होता है. पंचायत चुनाव में भी स्थानीय स्तर पर विकास तथा स्थानीय स्तर के मुद्दों को अच्छे से समझ पाने के लिए ही प्रति…
भारत में आमतौर पर चुने हुए प्रतिनिधि का कार्यकाल 5 वर्ष के लिए होता है तथा 5 वर्षों के बात ही दोबारा चुनाव होते हैं. लेकिन कभी कभी किसी दुर्घटना के कारण प्रतिनिधि की मौत हो जाती है या किसी अन्य कारण स…
कुछ वर्षों पहले तक किसी भी चुनाव को लड़ने के लिए शैक्षणिक योग्यता की आवश्यकता नहीं होती थी. लेकिन कुछ वर्षों पहले पंचायत चुनाव के लिए कुछ राज्यों द्वारा शैक्षणिक योग्यता निर्धारित की गई. उदाहरण के तौर…
भारत में प्राचीन समय से ही पंचायती राज व्यवस्था आस्तित्व में रही हैं. आधुनिक भारत की बात करें तो इसमें प्रथम बार तत्कालीन प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू द्वारा राजस्थान के नागौर जिले में 2 अक्टूबर 1959 क…
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