इलाहाबाद हाईकोर्ट के एक फैसले पर कई प्रमुख मुस्लिम धर्मगुरुओं ने असहमति जताते हुए अदालत से इस पर पुनर्विचार करने की अपील की है। यह फैसला हिजाब से संबंधित है, जिसे अदालत न…
इन धर्मगुरुओं का मानना है कि अदालत के फैसले की समीक्षा की जानी चाहिए। उनका तर्क है कि भारत का संविधान सभी को अपने धर्म का पालन करने की स्वतंत्रता देता है और हिजाब या स्का…
ऑल इंडिया शिया पर्सनल लॉ बोर्ड के जनरल सेक्रेटरी मौलाना यासूब अब्बास ने इस फैसले को 'बहुत अफसोस की बात' बताया। उन्होंने कहा, "इस्लाम में हिजाब जरूरी है, और भारत में हर धर…
इसी तरह की राय शिया धर्मगुरु मौलाना सैफ अब्बास ने भी जाहिर की। उन्होंने IANS से कहा, "हाई कोर्ट की ओर से हिजाब को लेकर जो टिप्पणी की गई है कि इस्लाम में हिजाब जरूरी नहीं…
ड्रेस कोड और व्यक्तिगत स्वतंत्रता पर राय
धर्मगुरुओं ने स्कूल यूनिफॉर्म की अनिवार्यता को स्वीकार किया लेकिन साथ ही हिजाब की अनुमति देने की वकालत की। मौलाना खालिद रशीद फिरंगी महली ने कहा, "जहां तक स्कूल यूनिफॉर्म…
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