उत्तर प्रदेश: 4.60 लाख छात्रों के खाते में सीधे पहुँची ₹148 करोड़ की छात्रवृत्ति, CM योगी ने की शुरुआत
उत्तर प्रदेश में आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के लाखों छात्र-छात्राओं के लिए शनिवार का दिन एक बड़ी सौगात लेकर आया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लखनऊ स्थित लोक भवन में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान…
उत्तर प्रदेश में आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के लाखों छात्र-छात्राओं के लिए शनिवार का दिन एक बड़ी सौगात लेकर आया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लखनऊ स्थित लोक भवन में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान 4,60,559 विद्यार्थियों के बैंक खातों में सीधे ₹148.04 करोड़ की छात्रवृत्ति और शुल्क प्रतिपूर्ति की राशि हस्तांतरित की। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, यह पूरी प्रक्रिया डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के माध्यम से पूरी की गई।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने मंच पर 11 विद्यार्थियों को प्रतीक के तौर पर अपने हाथों से छात्रवृत्ति प्रमाणपत्र भी सौंपे। प्रमाणपत्र पाने वालों में रणबीर वर्मा, अजीत रावत, अंश मिश्रा, अलकैफ, अनन्या अवस्थी, मिली, अधिकांश वर्मा, करिश्मा, बुशरा, अभिषेक यादव और साइमा शामिल थे।
किस वर्ग को कितना लाभ मिला?
इस योजना का सबसे अधिक लाभ अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) और अनुसूचित जाति (SC) के विद्यार्थियों को मिला है। सरकारी आंकड़ों के मुताबिक, OBC वर्ग के 2,23,615 छात्रों को ₹60.01 करोड़ और SC वर्ग के 1,59,959 छात्रों को ₹64.54 करोड़ दिए गए। इसके अलावा, सामान्य वर्ग के 38,084 विद्यार्थियों को ₹11.43 करोड़ और अल्पसंख्यक समुदाय के 38,901 विद्यार्थियों को ₹12.06 करोड़ की राशि प्राप्त हुई।
पारदर्शी ऑनलाइन प्रक्रिया
सरकार का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि आर्थिक अभाव किसी भी छात्र की पढ़ाई में बाधा न बने। इसी लक्ष्य के साथ कक्षा 9 और 10 (पूर्वदशम) के साथ-साथ दशमोत्तर कक्षाओं के अल्प आय वर्ग के छात्रों को इस योजना में शामिल किया गया है। पूरी व्यवस्था को पारदर्शी बनाने के लिए आवेदन से लेकर भुगतान तक की प्रक्रिया ऑनलाइन है। धनराशि सीधे आधार से जुड़े बैंक खातों में भेजी जा रही है, जिससे बिचौलियों की भूमिका समाप्त हो गई है और छात्रों को बिना किसी परेशानी के लाभ मिल रहा है।
रिपोर्ट के अनुसार, प्रदेश सरकार ने वित्तीय वर्ष 2025-26 में 65.95 लाख से अधिक विद्यार्थियों को ₹4,793 करोड़ से ज़्यादा की छात्रवृत्ति व शुल्क प्रतिपूर्ति दी है। सरकार प्रक्रिया को और सरल बनाकर हर पात्र विद्यार्थी तक लाभ पहुँचाने के लिए प्रयासरत है।
इनपुट: IANS



