अमेरिकी कपल को चीन में इसलिए किया गया गिरफ्तार, बढ़ सकती है टेंशन

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US china rift
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इस समय चीन और अमेरिका में व्यापारिक जंग चल रही है। इस बीच एक खबर चीन और अमेरिका के रिश्ते को थोड़ा और ख़राब कर सकती है। दरअसल हुआ यूँ है चचीन में एक अमेरिकी कपल को इसलिए गिरफ्तार कर लिया क्योकि अंग्रेजी भाषा को बढ़ावा दे रहा था। आइये इस बारें में विस्तार से जानते हैं।

पूर्वी चीन के जियांग्सु प्रांत में चाइना होराइजंस नामक कंपनी चलाने वाले जैकब हार्लन और एलिसा पीटरसन को पिछले महीने गिरफ्तार किया गया था। हिरासत में लिया गया था। उनकी कंपनी चीन के स्कूलों में अंग्रेजी पढ़ाने के लिए अमेरिकी शिक्षकों की व्यवस्था करती है। चाइना होराइजंस के फेसबुक पेज पर कहा गया है कि दोनों को झूठे आरोपों में पकड़ा गया है।

एलिसा पर आरोप लगाया गया है कि वह लोगों के साथ गैरकानूनी तरीके से सीमा पार जा रही थीं। जैकब को प्रांत के झेनजियांग शहर के एक होटल में पुलिस की निगरानी में रखा गया है।

पुलिस ने गत 28 सितंबर को जैकब को जब हिरासत में लिया आठ साल की उनकी बेटी भी उनके साथ थी। उनका मोबाइल फोन और कंप्यूटर ले लिया गया। चाइना होराइजंस में एसोसिएट डायरेक्टर के तौर पर काम करने वाली एलिसा को गत 27 सितंबर को पकड़ा गया था।

अमेरिका बोला, मामले पर रख रहें हैं नज़र

अमेरिकी विदेश मंत्रालय के एक अधिकारी ने कहा, ‘दो अमेरिकी नागरिकों को हिरासत में लिए जाने की खबर हमें मालूम हैं। हम अमेरिकी नागरिकों की मदद करने की अपनी जिम्मेदारी को गंभीरता से निभा रहे हैं। स्थिति पर हमारी नजर है।’

गौरतलब है कि अमेरिका ने चीन के शिनजियांग प्रांत के मुस्लिमों को हिरासत केंद्र में रखे जाने को लेकर चीनी अधिकारियों के वीजा पर प्रतिबंध लगा दिया है। अमेरिका-चीन के रिश्ते पहले से ही ट्रेड वॉर की वजह से तनावपूर्ण चल रहे हैं और इस नए कदम से दोनों देशों के बीच टकराव और बढ़ सकता है।

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अमेरिका के विदेश मंत्रालय ने कहा कि उइगर मुस्लिमों को निगरानी कैंप में रखे जाने के लिए जिम्मेदार चीनी अधिकारियों और नेताओं के लिए वीजा बैन कर दिया गया है। इन अधिकारियों और नेताओं के परिवार के सदस्यों की यात्रा पर भी बैन लागू होगा।