शंभू-राजपुरा रेलवे ट्रैक ब्लास्ट: पाकिस्तान में बैठे आतंकी के इशारे पर रची गई थी साजिश, NIA की चार्जशीट में खुलासा
पंजाब के शंभू और राजपुरा स्टेशनों के बीच रेलवे ट्रैक पर हुए विस्फोट मामले में राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने छह आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल कर दी है। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, यह चार्जशीट…
पंजाब के शंभू और राजपुरा स्टेशनों के बीच रेलवे ट्रैक पर हुए विस्फोट मामले में राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने छह आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल कर दी है। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, यह चार्जशीट मंगलवार, 24 अक्टूबर को मोहाली की विशेष NIA अदालत में पेश की गई। जांच में सामने आया है कि इस आतंकी साजिश के तार पाकिस्तान में बैठे घोषित आतंकवादी रणजीत सिंह उर्फ नीता से जुड़े थे, जो खालिस्तान जिंदाबाद फोर्स (KZF) का सदस्य है।
यह मामला इसी साल 27 अप्रैल 2026 को डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड की रेलवे लाइन पर हुए एक धमाके से जुड़ा है। इस घटना में जगरूप सिंह नामक एक कथित खालिस्तानी ऑपरेटिव की मौत हो गई थी। NIA के मुताबिक, जगरूप विस्फोटक तैयार करते समय हुए हादसे का शिकार हुआ था।
आतंकी मंसूबे और साजिश का खुलासा
NIA की जांच रिपोर्ट के मुताबिक, इस पूरी साजिश का मकसद पंजाब में सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ना और कानून-व्यवस्था को अस्थिर करना था। एजेंसी ने कहा कि आरोपी प्रतिबंधित आतंकी संगठन KZF की गतिविधियों को आगे बढ़ाने के लिए काम कर रहे थे। जांच में यह भी पता चला है कि यह नेटवर्क आतंक के लिए धन जुटाने, हथियार और विस्फोटक खरीदने-बेचने, आम लोगों में डर पैदा करने और देश की सुरक्षा, अखंडता व संप्रभुता को नुकसान पहुंचाने में शामिल था।
ये हैं आरोपी और लगी हैं ये धाराएं
चार्जशीट में गुरजिंदर सिंह (उर्फ बियंत बाबा), सतनाम सिंह, प्रदीप सिंह (उर्फ खालसा), कुलविंदर सिंह (उर्फ बग्गा), गुरप्रीत सिंह (उर्फ गोपी) और मनजीत सिंह को आरोपी बनाया गया है। इन सभी पर भारतीय न्याय संहिता (BNS), विस्फोटक पदार्थ अधिनियम, शस्त्र अधिनियम, रेलवे अधिनियम और गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम (UAPA) समेत कई गंभीर धाराओं के तहत आरोप तय किए गए हैं। NIA ने बताया है कि मामले में आगे की जांच अभी जारी है।
इनपुट: IANS



