धनतेरस से पहले सोने-चांदी में बड़ी गिरावट, जानें त्योहारों पर क्या रहेगा भाव का रुख
त्योहारी सीजन में सोना-चांदी खरीदने की योजना बना रहे लोगों के लिए कीमतों में उतार-चढ़ाव भरी खबर है। धनतेरस और दिवाली से ठीक पहले मंगलवार को कीमती धातुओं के दाम घरेलू और अंतरराष्ट्रीय दोनों बाजारों…
त्योहारी सीजन में सोना-चांदी खरीदने की योजना बना रहे लोगों के लिए कीमतों में उतार-चढ़ाव भरी खबर है। धनतेरस और दिवाली से ठीक पहले मंगलवार को कीमती धातुओं के दाम घरेलू और अंतरराष्ट्रीय दोनों बाजारों में दबाव में आ गए। सोमवार को दिखी मामूली तेजी ज्यादा देर टिक नहीं सकी और मंगलवार को मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर सोने और चांदी की कीमतों में 1% से ज्यादा की गिरावट दर्ज की गई।
समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, इस गिरावट के पीछे कई वैश्विक कारण जिम्मेदार हैं। अमेरिकी फेडरल रिजर्व के सख्त मौद्रिक नीति बनाए रखने के संकेत, ब्याज दरों के लंबे समय तक ऊंचे रहने की आशंका और डॉलर के मुकाबले रुपये की मजबूती ने सोने-चांदी पर दबाव बनाया है।
बाजार में गिरावट का गणित
घरेलू बाजार की बात करें तो MCX पर दिसंबर डिलीवरी वाला सोना 766 रुपये की गिरावट के साथ 1,39,420 रुपये प्रति 10 ग्राम पर खुला। दिन के कारोबार में यह और टूटकर 1,508 रुपये (1.07%) की गिरावट के साथ 1,38,678 रुपये प्रति 10 ग्राम के निचले स्तर तक पहुंच गया। इसका पिछला बंद भाव 1,40,186 रुपये था।
चांदी में और भी बड़ी गिरावट देखी गई। दिसंबर डिलीवरी वाली चांदी 892 रुपये फिसलकर 1,82,887 रुपये प्रति किलोग्राम पर खुली। दिन में एक समय यह 5,667 रुपये (3.08%) तक टूटकर 1,78,112 रुपये प्रति किलोग्राम के निचले स्तर पर आ गई, जबकि इसका पिछला बंद भाव 1,83,779 रुपये था। कुल मिलाकर घरेलू बाजार में सोना करीब 1% गिरकर 1.39 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम से नीचे और चांदी लगभग 3% फिसलकर 1.78 लाख रुपये प्रति किलो के करीब आ गई।
अंतरराष्ट्रीय बाजारों का हाल और वजहें
भारतीय बाजारों में यह कमजोरी वैश्विक रुख के अनुरूप ही थी। अंतरराष्ट्रीय बाजार कॉमेक्स में सोना करीब 1.05% टूटकर 3,928 डॉलर प्रति औंस पर और चांदी 3.22% की बड़ी गिरावट के साथ 59.25 डॉलर प्रति औंस पर कारोबार कर रही थी।
विश्लेषकों का मानना है कि निवेशक अमेरिकी मिड-टर्म चुनावों से पहले सतर्कता बरत रहे हैं, जिससे बाजार में जोखिम लेने की इच्छा सीमित है। बाजार विशेषज्ञों के मुताबिक, अमेरिकी फेडरल रिजर्व की नीति और महंगाई के आंकड़े ही आने वाले समय में सोने-चांदी की दिशा तय करेंगे। पश्चिम एशिया में तनाव और कच्चे तेल के ऊंचे दाम भी महंगाई की चिंता बढ़ा रहे हैं।
आगे क्या हो सकता है?
तकनीकी विश्लेषण के अनुसार, MCX पर सोने के लिए 1.40 लाख से 1.41 लाख रुपये का स्तर एक महत्वपूर्ण प्रतिरोध (रुकावट) बना हुआ है, जबकि 1.37 लाख से 1.38 लाख रुपये पर इसे अहम सपोर्ट (सहारा) मिल सकता है। इसी तरह चांदी के लिए 1.78 लाख से 1.80 लाख रुपये का सपोर्ट जोन है और 1.86 लाख से 1.88 लाख रुपये के स्तर पर मजबूत प्रतिरोध देखा जा रहा है।
इनपुट: IANS



