दिल्ली-NCR प्रदूषण: नमो भारत कॉरिडोर पर 20 अतिरिक्त ट्रेनें चलेंगी, यात्रियों को राहत की उम्मीद
दिल्ली-एनसीआर में खतरनाक स्तर पर पहुंचे वायु प्रदूषण से निपटने और सार्वजनिक परिवहन को बढ़ावा देने के लिए एक अहम कदम उठाया गया है। राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र परिवहन निगम (एनसीआरटीसी) ने दिल्ली-मेरठ नमो…
दिल्ली-एनसीआर में खतरनाक स्तर पर पहुंचे वायु प्रदूषण से निपटने और सार्वजनिक परिवहन को बढ़ावा देने के लिए एक अहम कदम उठाया गया है। राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र परिवहन निगम (एनसीआरटीसी) ने दिल्ली-मेरठ नमो भारत कॉरिडोर पर 20 अतिरिक्त ट्रेन ट्रिप शुरू करने का फैसला किया है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, इस पहल का मकसद लोगों को निजी वाहनों की जगह सार्वजनिक परिवहन के इस्तेमाल के लिए प्रोत्साहित करना है, ताकि सड़कों पर दबाव कम हो और प्रदूषण नियंत्रण में मदद मिले।
यह फैसला ऐसे समय में आया है जब दिल्ली का वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 397 तक पहुंच गया है, जो बेहद चिंताजनक श्रेणी में आता है। वहीं, गाजियाबाद और मेरठ जैसे शहरों में भी हवा की गुणवत्ता 'बहुत खराब' बनी हुई है। प्रदूषण की इसी गंभीर स्थिति के चलते दिल्ली में ग्रेडेड रिस्पॉन्स एक्शन प्लान (ग्रैप) का दूसरा चरण लागू है और 1 नवंबर से कुछ श्रेणियों के वाहनों के प्रवेश पर भी प्रतिबंध लगा दिया गया है।
कब और कहाँ से शुरू होंगी अतिरिक्त सेवाएं?
एनसीआरटीसी के अनुसार, ये 20 अतिरिक्त ट्रेन सेवाएं बुधवार, 4 नवंबर 2026 से शुरू होंगी। इनका संचालन दिल्ली के सराय काले खां से लेकर मेरठ के मोदीपुरम तक, यानी पूरे नमो भारत कॉरिडोर पर किया जाएगा। ट्रेनों की संख्या बढ़ने से यात्रियों को आवागमन के लिए अधिक विकल्प और सुविधा मिलेगी, जिससे वे अपनी निजी कार या अन्य वाहन छोड़कर नमो भारत ट्रेन से सफर करने के लिए प्रेरित हो सकते हैं।
यात्रियों के लिए मल्टीमोडल कनेक्टिविटी और अन्य सुविधाएं
नमो भारत कॉरिडोर की एक बड़ी खूबी इसकी मल्टीमोडल कनेक्टिविटी है, जो यात्रियों के सफर को आसान बनाती है। इसके प्रमुख स्टेशन जैसे सराय काले खां, आनंद विहार, न्यू अशोक नगर और गाजियाबाद, दिल्ली मेट्रो, भारतीय रेलवे, अंतरराज्यीय बस टर्मिनल (ISBT) और सिटी बस सेवाओं से जुड़े हुए हैं।
इसके अलावा, स्टेशनों पर पार्किंग की सुविधा भी दी गई है। यात्री 'नमो भारत कनेक्ट' ऐप के जरिए किसी स्टेशन पर पार्किंग की उपलब्धता पहले से ही जांच सकते हैं। एनसीआरटीसी का कहना है कि यात्रियों की जरूरतों को देखते हुए ट्रेन परिचालन को लगातार बेहतर बनाया जा रहा है और यह कदम उसी रणनीति का हिस्सा है।
इनपुट: IANS



