तमिलनाडु: नर्सों के प्रदर्शन पर लाठीचार्ज, उदयनिधि स्टालिन ने सरकार को 'डमी सीएम की सरकार' कहा
तमिलनाडु में अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रही नर्सों पर पुलिस लाठीचार्ज के बाद राज्य की सियासत गरमा गई है। DMK के युवा विंग सचिव और विपक्ष के नेता उदयनिधि स्टालिन ने इस घटना को लेकर राज्य सरकार पर…
तमिलनाडु में अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रही नर्सों पर पुलिस लाठीचार्ज के बाद राज्य की सियासत गरमा गई है। DMK के युवा विंग सचिव और विपक्ष के नेता उदयनिधि स्टालिन ने इस घटना को लेकर राज्य सरकार पर तीखा हमला बोला है और इसे 'डमी सीएम की सरकार' की बर्बर कार्रवाई करार दिया है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के अनुसार, स्टालिन ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर सरकार की कड़ी निंदा की।
वर्तमान में तमिलनाडु इंटरमीडिएट हेल्थ वर्कर्स एसोसिएशन के बैनर तले हजारों नर्सें हड़ताल पर हैं। उनकी प्रमुख मांगों में नौकरी को नियमित करना, समान काम के लिए समान वेतन और वेतन विसंगतियों को दूर करना शामिल है।
सरकार पर वादे से मुकरने का आरोप
उदयनिधि स्टालिन ने सरकार पर अपने पुराने वादे से मुकरने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा, "विपक्ष में रहते हुए इन शासकों ने वादा किया था कि सत्ता में आते ही पहले दिन नर्सों को नियमित कर देंगे लेकिन आज वही सबसे पहले नर्सों के प्रदर्शन पर पुलिस की बर्बरता करा रहे हैं।"
उन्होंने सरकार की कार्रवाई को अमानवीय बताते हुए कहा, "मैं इस डमी सीएम की सरकार द्वारा पुलिस बलों को तैनात करके प्रदर्शनकारी नर्सों के खिलाफ अंधाधुंध और बर्बर हमला करने की कड़ी निंदा करता हूं।" स्टालिन ने यह भी आरोप लगाया कि प्रदर्शन स्थल पर बिजली काटकर और धमकी भरे सवाल पूछकर नर्सों को परेशान किया जा रहा है।
छोटे बच्चों पर भी हमले का दावा
DMK नेता ने दावा किया कि लाठीचार्ज में सिर्फ नर्सें ही नहीं, बल्कि उनके छोटे बच्चे भी निशाना बने। उन्होंने तंज कसते हुए कहा, "तब पंच डायलॉग मारे थे कि नर्सों पर एक खरोंच भी बर्दाश्त नहीं करेंगे, आज शर्म की बात है कि वे न केवल प्रदर्शनकारी नर्सों पर बल्कि उनके छोटे-छोटे बच्चों पर भी हमला कर रहे हैं।" उन्होंने इस कार्रवाई को "मामा लाठीचार्ज योजना" कहकर सरकार पर कटाक्ष किया।
मुख्यमंत्री पर निशाना साधते हुए उन्होंने पूछा, "मुख्यमंत्री के हाथ जो एक डमी उम्मीदवार के नकली आंसू पोंछने के लिए आगे बढ़ते हैं, वे जान बचाने वाली नर्सों के असली आंसू पोंछने से क्यों इनकार करते हैं?" उदयनिधि स्टालिन ने मांग की है कि सरकार दमन रोककर नर्सों से तुरंत बातचीत करे और उनकी मांगों को पूरा करने के लिए कदम उठाए।
इनपुट: IANS



