वैश्विक संकेतों से शेयर बाजार में उछाल, सेंसेक्स 400 अंक से ज्यादा चढ़ा, रुपया भी मजबूत
हफ्ते के पहले कारोबारी दिन सोमवार को भारतीय शेयर बाजार में अच्छी तेजी देखने को मिली। सकारात्मक वैश्विक संकेतों के दम पर सेंसेक्स और निफ्टी दोनों हरे निशान में खुले और दिन के कारोबार में बढ़त को और…
हफ्ते के पहले कारोबारी दिन सोमवार को भारतीय शेयर बाजार में अच्छी तेजी देखने को मिली। सकारात्मक वैश्विक संकेतों के दम पर सेंसेक्स और निफ्टी दोनों हरे निशान में खुले और दिन के कारोबार में बढ़त को और मजबूत किया। समाचार एजेंसी IANS की एक रिपोर्ट के अनुसार, इस तेजी के पीछे एशियाई बाजारों में मजबूती और अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में आई गिरावट जैसे कारक प्रमुख रहे।
शुरुआती कारोबार में बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) का सेंसेक्स 298.99 अंकों की बढ़त के साथ 72,771.32 पर खुला था। दिन के दौरान इसमें और मजबूती आई और इसने 72,884.25 का उच्चतम स्तर छुआ, जो पिछले बंद के मुकाबले 411.92 अंकों (0.56%) की बढ़त दर्शाता है। इसी तरह, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) का निफ्टी 50 भी 72.75 अंक चढ़कर 22,593.20 पर खुला और कारोबार के दौरान 22,651.10 के अपने उच्चतम स्तर पर पहुंच गया, जो 130.65 अंकों (0.58%) की तेजी है।
छोटे-मझोले शेयरों का बेहतर प्रदर्शन
सोमवार को बड़े शेयरों की तुलना में छोटे और मझोले शेयरों (ब्रॉडर मार्केट) का प्रदर्शन और भी बेहतर रहा। निफ्टी स्मॉलकैप 100 इंडेक्स में 1.3% की जोरदार तेजी दर्ज की गई, जबकि निफ्टी मिडकैप 100 इंडेक्स 0.40% से ज्यादा चढ़ा। सेक्टर्स की बात करें तो ऑटो, मेटल्स, रियल्टी, ऑयल एंड गैस और फार्मा शेयरों में खरीदारी का रुझान दिखा। वहीं, एफएमसीजी, आईटी और सरकारी बैंकों के शेयरों में कुछ बिकवाली का दबाव देखने को मिला।
रुपये में भी आई मजबूती
शेयर बाजार के साथ-साथ मुद्रा बाजार के लिए भी सोमवार का दिन सकारात्मक रहा। भारतीय रुपया अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 97 पैसे की मजबूती के साथ 95.76 पर खुला। इससे पहले यह 96.73 के स्तर पर बंद हुआ था।
बाजार को प्रभावित करने वाले कारक
बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि घरेलू अर्थव्यवस्था के मजबूत बुनियादी कारक, जैसे वित्त वर्ष 2027 के लिए 7.1% जीडीपी वृद्धि का अनुमान और कंपनियों के मुनाफे में सुधार, बाजार को सहारा दे रहे हैं। हालांकि, ऊंची अमेरिकी बॉन्ड यील्ड और कच्चे तेल की कीमतें अभी भी चिंता का विषय बनी हुई हैं। विश्लेषकों के मुताबिक, विदेशी संस्थागत निवेशक (FII) कुछ समय तक बिकवाली जारी रख सकते हैं, लेकिन घरेलू संस्थागत निवेशक (DII) उनकी बिकवाली को संतुलित कर रहे हैं। तकनीकी विश्लेषकों का कहना है कि अगर निफ्टी 22,575 के ऊपर बना रहता है तो बाजार में तेजी की संभावना बनी रहेगी।
इनपुट: IANS



