कमजोर वैश्विक संकेतों के बावजूद भारतीय शेयर बाजार में उछाल, सेंसेक्स 73,000 के पार
कमजोर अंतरराष्ट्रीय संकेतों और अमेरिका में उम्मीद से ज्यादा महंगाई के आंकड़ों के बावजूद गुरुवार को भारतीय शेयर बाजार ने मजबूती के साथ कारोबार की शुरुआत की। शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स और निफ्टी…
कमजोर अंतरराष्ट्रीय संकेतों और अमेरिका में उम्मीद से ज्यादा महंगाई के आंकड़ों के बावजूद गुरुवार को भारतीय शेयर बाजार ने मजबूती के साथ कारोबार की शुरुआत की। शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स और निफ्टी दोनों हरे निशान में खुले और बाद में अपनी बढ़त को और मजबूत किया। समाचार एजेंसी IANS की एक रिपोर्ट के अनुसार, दिन के कारोबार में सेंसेक्स 570 अंक से ज्यादा उछलकर 73,351.44 के स्तर पर पहुंच गया।
गुरुवार को 30 शेयरों वाला बीएसई सेंसेक्स अपने पिछले बंद 72,781.89 के मुकाबले 183.91 अंक ऊपर 72,965.80 पर खुला। इसी तरह, निफ्टी 50 भी 48.59 अंकों की बढ़त के साथ 22,671.30 पर खुला। बाद में दोनों प्रमुख सूचकांकों में तेजी और बढ़ी, और निफ्टी 158.15 अंक चढ़कर 22,780.85 के दिन के उच्चतम स्तर पर पहुंच गया।
छोटे-मझोले शेयरों में गिरावट
हालांकि, प्रमुख सूचकांकों के विपरीत, व्यापक बाजारों में गिरावट का रुख देखा गया। निफ्टी स्मॉल कैप 100 इंडेक्स में 0.60% की गिरावट आई, जबकि निफ्टी मिड कैप 100 इंडेक्स 0.12% नीचे कारोबार कर रहा था। सेक्टोरल प्रदर्शन भी मिला-जुला रहा। जहां एक ओर निफ्टी आईटी, एफएमसीजी, ऑटो और प्राइवेट बैंक जैसे सूचकांकों में लगभग 2% तक की तेजी दर्ज की गई, वहीं दूसरी ओर निफ्टी मेटल इंडेक्स 1% की गिरावट के साथ सबसे कमजोर रहा। पीएसयू बैंक और फार्मा जैसे सेक्टर भी लाल निशान में थे।
अमेरिकी महंगाई और बाजार पर उसका असर
बाजार विशेषज्ञों के मुताबिक, अमेरिका में सितंबर महीने में महंगाई दर बढ़कर 3.7% हो गई, जो अगस्त में 3.4% थी। इन आंकड़ों ने अमेरिकी फेडरल रिजर्व द्वारा एक और ब्याज दर वृद्धि की आशंका को बढ़ा दिया है, जिसके चलते अमेरिकी बाजारों में तेज बिकवाली हुई। इसका असर टेक्नोलॉजी आधारित नैस्डैक पर ज्यादा दिखा, जो 1.88% टूट गया। एशियाई बाजारों में भी जापान का निक्केई 4% और दक्षिण कोरिया का कोस्पी 7% से ज्यादा गिरा। विशेषज्ञों का मानना है कि विदेशी संस्थागत निवेशक (FII), जो पहले भारतीय शेयरों को बेचकर अमेरिकी AI शेयरों में निवेश कर रहे थे, अब इस रुझान पर रोक लगा सकते हैं, जो भारतीय बाजार के लिए सकारात्मक हो सकता है।
निवेशकों का रुझान और तकनीकी संकेत
बुधवार के कारोबारी सत्र के आंकड़ों पर नजर डालें तो विदेशी संस्थागत निवेशकों (FII) ने शुद्ध रूप से 1,857 करोड़ रुपए के शेयर बेचे। वहीं, घरेलू संस्थागत निवेशकों (DII) ने बाजार को सहारा देते हुए 2,670 करोड़ रुपए की शुद्ध खरीदारी की। तकनीकी मोर्चे पर, निफ्टी का रिलेटिव स्ट्रेंथ इंडेक्स (RSI) 41.66 पर है, जो बाजार की गति में कुछ सुधार का संकेत दे रहा है।
इनपुट: IANS



