शुक्रवार, 16 अक्टूबर 2026 · नई दिल्ली
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शेयर बाजार: शुरुआती बढ़त के बाद फिसले सेंसेक्स-निफ्टी, IT शेयरों ने संभाला मोर्चा

हफ्ते के आखिरी कारोबारी दिन, यानी शुक्रवार को भारतीय शेयर बाजारों में दिन भर उतार-चढ़ाव का माहौल रहा। शुरुआती कारोबार में मामूली बढ़त के साथ खुलने के बाद बेंचमार्क इंडेक्स सेंसेक्स और निफ्टी दबाव में…

शेयर बाजार: शुरुआती बढ़त के बाद फिसले सेंसेक्स-निफ्टी, IT शेयरों ने संभाला मोर्चा
(फोटो: IANS)

हफ्ते के आखिरी कारोबारी दिन, यानी शुक्रवार को भारतीय शेयर बाजारों में दिन भर उतार-चढ़ाव का माहौल रहा। शुरुआती कारोबार में मामूली बढ़त के साथ खुलने के बाद बेंचमार्क इंडेक्स सेंसेक्स और निफ्टी दबाव में आ गए और गिरावट के साथ बंद हुए। हालांकि, इस गिरावट के बीच आईटी और मेटल सेक्टर के शेयरों में अच्छी खरीदारी देखने को मिली, जिसने बाजार को कुछ हद तक सहारा दिया।

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समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, बीएसई सेंसेक्स दिन के कारोबार के दौरान 302.62 अंक (0.40%) तक फिसलकर 74,012.99 के निचले स्तर पर पहुंच गया था। इसी तरह, एनएसई निफ्टी 50 भी 151.3 अंक (0.65%) की गिरावट के साथ 22,913.80 के अपने न्यूनतम स्तर तक लुढ़क गया।

क्षेत्रवार प्रदर्शन और बाजार का हाल

अगर सेक्टर्स की बात करें तो निफ्टी आईटी इंडेक्स 2.6% की शानदार तेजी के साथ सबसे आगे रहा। इसके अलावा निफ्टी मीडिया, मेटल और पीएसयू बैंक में भी खरीदारी का रुझान दिखा। दूसरी ओर, निफ्टी ऑयल एंड गैस, एफएमसीजी और फार्मा सेक्टर में सबसे ज्यादा गिरावट दर्ज की गई। व्यापक बाजार में भी कमजोरी का रुख रहा, जहां निफ्टी मिडकैप 0.5% और निफ्टी स्मॉलकैप 0.11% नीचे आए। निफ्टी 50 इंडेक्स में एचडीएफसी लाइफ, बीएसई, जियो फाइनेंशियल सर्विसेज, श्रीराम फाइनेंस और रिलायंस के शेयर सबसे ज्यादा टूटे।

वैश्विक बाजारों से मिले-जुले संकेत

शुक्रवार को जहां भारतीय बाजार में दबाव था, वहीं ज्यादातर एशियाई बाजारों में तेजी का माहौल रहा। जापान का निक्केई 225 (1.38%), दक्षिण कोरिया का कोस्पी (1.56%) और ऑस्ट्रेलिया का एएसएक्स 200 (1.01%) बढ़त के साथ कारोबार कर रहे थे। इससे एक दिन पहले गुरुवार को अमेरिकी वॉल स्ट्रीट के तीनों प्रमुख सूचकांक भी बढ़त पर बंद हुए थे। डॉव जोन्स में 1.1% की सबसे ज्यादा तेजी रही, जबकि एसएंडपी 500 और नैस्डैक में मामूली बढ़त दर्ज की गई।

विशेषज्ञों की राय और बाजार का भविष्य

बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि इस हफ्ते भारतीय बाजारों ने दूसरे वैश्विक बाजारों की तुलना में बेहतर प्रदर्शन किया है। उनका कहना है कि प्रमुख आईटी कंपनियों के अच्छे नतीजे, आगामी बजट में लॉन्ग टर्म कैपिटल गेन (LTCG) टैक्स में संभावित बदलाव की उम्मीद और अब तक आए बेहतर तिमाही नतीजों ने बाजार को मजबूती दी है। हालांकि, विश्लेषकों ने यह भी चेताया है कि जब तक 10 वर्षीय अमेरिकी बॉन्ड यील्ड 5% से ऊपर और ब्रेंट क्रूड 100 डॉलर प्रति बैरल से अधिक बना रहेगा, विदेशी संस्थागत निवेशकों (FII) की बिकवाली जारी रह सकती है। शुक्रवार को ब्रेंट क्रूड 105 डॉलर प्रति बैरल के ऊपर कारोबार कर रहा था।

इनपुट: IANS

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News4Social बिज़नेस डेस्क

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