किश्तवाड़ आतंकी हमला: NIA की चार्जशीट में पाकिस्तानी आतंकियों और एक स्थानीय मददगार का नाम
जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़ में हुए एक आतंकी हमले के मामले में राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने अपनी जांच का दायरा बढ़ाते हुए जम्मू की विशेष एनआईए अदालत में चार्जशीट दाखिल कर दी है। समाचार एजेंसी IANS की…
जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़ में हुए एक आतंकी हमले के मामले में राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने अपनी जांच का दायरा बढ़ाते हुए जम्मू की विशेष एनआईए अदालत में चार्जशीट दाखिल कर दी है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, इस आरोप-पत्र में एक गिरफ्तार स्थानीय व्यक्ति और तीन मारे गए पाकिस्तानी आतंकवादियों के नाम शामिल हैं।
यह मामला 22 फरवरी, 2026 को किश्तवाड़ जिले के चतरू इलाके में वानी मोहल्ला, पासेर कोटे में हुई आतंकी घटना से जुड़ा है। एनआईए ने अपनी जांच में पाया कि इस हमले को तीन आतंकवादियों ने अंजाम दिया था, जिनका सरगना कमांडर सैफुल्लाह था। यह आतंकी समूह प्रतिबंधित संगठन जैश-ए-मोहम्मद (JeM) के तहत काम करने वाले 'कश्मीर टाइगर्स' (अजराइल ग्रुप) से संबंधित था। बाद में सुरक्षा बलों के साथ हुई मुठभेड़ में ये तीनों आतंकी मारे गए थे।
चार्जशीट के मुख्य बिंदु
एनआईए द्वारा दाखिल 535 पन्नों की चार्जशीट में पूरी साजिश, मारे गए तीनों आतंकियों की भूमिका और गिरफ्तार आरोपी के कामों का विस्तृत ब्योरा दिया गया है। गिरफ्तार किए गए व्यक्ति की पहचान मनीर अहमद (पुत्र मोहम्मद यूसुफ कोली) के रूप में हुई है, जो किश्तवाड़ के नैदगाम का निवासी है। उस पर गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम, 1967 (UAPA) के तहत आतंकियों को शरण देने और छिपाने का आरोप है।
चार्जशीट में शामिल तीन मारे गए पाकिस्तानी आतंकियों में से एक की पहचान सैफुल्लाह उर्फ सैफुल्लाह कश्मीरी उर्फ अतीक नजीर उर्फ अतीक उर रहमान के तौर पर की गई है। इन आतंकियों पर भारत के खिलाफ युद्ध छेड़ने और सीमा पार से साजिश रचने से संबंधित धाराएं भी लगाई गई हैं।
पाकिस्तान से जुड़े तार
करीब पांच महीने तक चली जांच के बाद एनआईए ने दावा किया है कि इस साजिश के तार सीधे पाकिस्तान से जुड़े हुए थे। एजेंसी के अनुसार, यह आतंकी समूह किश्तवाड़ के ऊंचे पहाड़ी इलाकों में सक्रिय था और सुरक्षा बलों व आम नागरिकों पर कई हमलों के लिए जिम्मेदार था, जिनमें कई लोगों की जानें गईं। मनीर अहमद पर इसी समूह को रसद और अन्य तरह की सहायता पहुंचाने का आरोप है। एजेंसी ने यह भी स्पष्ट किया है कि मामले में आगे की जांच अभी जारी है।
इनपुट: IANS



