JNU यौन उत्पीड़न मामला: भाजपा महिला मोर्चा का देशव्यापी प्रदर्शन, कांग्रेस सांसद पर लगे आरोपों पर राहुल गांधी से मांगा जवाब
जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (JNU) में यौन उत्पीड़न से जुड़े एक मामले को लेकर भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने कांग्रेस नेतृत्व पर निशाना साधा है। भाजपा महिला मोर्चा ने इस मामले में आरोपी कांग्रेस सांसद…
जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (JNU) में यौन उत्पीड़न से जुड़े एक मामले को लेकर भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने कांग्रेस नेतृत्व पर निशाना साधा है। भाजपा महिला मोर्चा ने इस मामले में आरोपी कांग्रेस सांसद अंगोमचा बिमोल अकोइजाम के खिलाफ देशभर में विरोध प्रदर्शन किया और कांग्रेस नेता राहुल गांधी से उनकी चुप्पी पर सवाल उठाया है।
भाजपा नेता तुहिन सिन्हा ने आरोप लगाया कि मणिपुर से कांग्रेस के लोकसभा सांसद अंगोमचा बिमोल अकोइजाम का नाम JNU के यौन उत्पीड़न मामले में सामने आया है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के अनुसार, सिन्हा ने दावा किया कि छात्राओं की शिकायतों के बाद विश्वविद्यालय ने कार्रवाई करते हुए सांसद को उनके पद से बर्खास्त कर दिया था।
कांग्रेस नेतृत्व पर दोहरे मापदंड का आरोप
भाजपा ने इस मुद्दे पर कांग्रेस नेतृत्व, विशेषकर राहुल गांधी और प्रियंका गांधी वाड्रा की चुप्पी की आलोचना की है। तुहिन सिन्हा ने कहा कि कांग्रेस की ओर से इस मामले पर कोई सार्वजनिक निंदा या स्पष्ट बयान नहीं आया है। उन्होंने राहुल गांधी पर दोहरे मापदंड अपनाने का आरोप लगाते हुए पूछा कि वे इस मुद्दे पर अपनी चुप्पी कब तोड़ेंगे। पार्टी ने मांग की है कि कांग्रेस सांसद के खिलाफ लगे आरोपों पर पार्टी अपना रुख स्पष्ट करे और उन्हें पार्टी से निष्कासित किया जाए।
बिहार भाजपा प्रमुख संजय सरावगी ने भी इस मामले पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा, "JNU में छात्राओं से अंकों के बदले यौन शोषण के प्रयास के गंभीर आरोपों के बीच कांग्रेस सांसद अंगोमचा बिमोल एकोइजम को प्रोफेसर पद से बर्खास्त किए जाने का मामला सवाल खड़े करता है।" उन्होंने आगे पूछा, "हर मुद्दे पर महिला अधिकारों की बात करने वाले राहुल गांधी और प्रियंका गांधी अब मौन क्यों हैं? राहुल गांधी, महिला सम्मान सिर्फ दूसरों को नसीहत देने के लिए है या अपनी पार्टी पर भी लागू होता है?"
देशभर में विरोध प्रदर्शन
इस मामले को लेकर भाजपा महिला मोर्चा ने कई राज्यों में प्रदर्शन किए। राजस्थान में, मोर्चा कार्यकर्ताओं ने जयपुर स्थित कांग्रेस प्रदेश कार्यालय के बाहर धरना दिया और छात्राओं के लिए न्याय की मांग की। इसी तरह हरियाणा में भी विरोध प्रदर्शन कर महिला सुरक्षा के मुद्दे पर जवाबदेही की मांग की गई।
दिल्ली पुलिस का एक अन्य मामले पर स्पष्टीकरण
इस बीच, एक असंबंधित मामले में दिल्ली पुलिस ने सोशल मीडिया पर चल रही खबरों पर स्पष्टीकरण जारी किया है। पुलिस ने सीजेपी के संस्थापक अभिजीत दिपके से जुड़ी खबरों पर कहा कि उन्हें हिरासत में रहते हुए उनकी दादी के निधन की सूचना तुरंत और पूरी संवेदनशीलता के साथ दे दी गई थी। पुलिस के मुताबिक, दिपके को अंतिम संस्कार के समय के बारे में भी बताया गया और मानवीय आधार पर उनके गृहनगर जाने के लिए हरसंभव मदद की पेशकश की गई।
इनपुट: IANS



