शुक्रवार, 23 अक्टूबर 2026 · नई दिल्ली
इकोनॉमी

शेयर बाजार में गिरावट का चौथा दिन: मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में भारी बिकवाली का दबाव

भारतीय शेयर बाजार में शुक्रवार को लगातार चौथे कारोबारी दिन गिरावट दर्ज की गई, जिससे निवेशकों की चिंताएं बढ़ गई हैं। इस बिकवाली का सबसे ज्यादा असर मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों पर देखने को मिला, जहां बड़ी…

शेयर बाजार में गिरावट का चौथा दिन: मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में भारी बिकवाली का दबाव
(फोटो: IANS)

भारतीय शेयर बाजार में शुक्रवार को लगातार चौथे कारोबारी दिन गिरावट दर्ज की गई, जिससे निवेशकों की चिंताएं बढ़ गई हैं। इस बिकवाली का सबसे ज्यादा असर मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों पर देखने को मिला, जहां बड़ी गिरावट दर्ज की गई। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि ऊंचे वैल्यूएशन, कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों और कमजोर वैश्विक संकेतों जैसे कई कारक इस दबाव के लिए जिम्मेदार हैं।

विज्ञापन

शुक्रवार को कारोबार बंद होने पर, सेंसेक्स 125.56 अंक (0.17%) गिरकर 73,123.83 पर और निफ्टी 87.65 अंक (0.39%) की गिरावट के साथ 22,600.00 पर बंद हुआ। हालांकि, मुख्य सूचकांकों की गिरावट के मुकाबले छोटे और मझोले शेयरों में कहीं ज्यादा तेज गिरावट आई।

छोटे शेयरों पर बिकवाली की मार

बाजार में व्यापक बिकवाली का माहौल रहा। निफ्टी मिडकैप 100 इंडेक्स 1,263.30 अंक यानी 2.21% टूटकर 55,800.65 पर आ गया। वहीं, निफ्टी स्मॉलकैप 100 इंडेक्स में और भी बड़ी गिरावट देखी गई, जो 536.45 अंक (2.94%) गिरकर 17,739.45 पर बंद हुआ।

लगभग सभी सेक्टोरल इंडेक्स लाल निशान में बंद हुए। सबसे ज्यादा दबाव झेलने वाले सेक्टरों में निफ्टी मेटल (2.71%), कंज्यूमर ड्यूरेबल्स (2.63%), इंडिया डिफेंस (2.60%), रियल्टी (2.38%) और पीएसयू बैंक (2.26%) शामिल रहे। इसके अलावा एनर्जी, पीएसई, मैन्युफैक्चरिंग, कमोडिटीज, मीडिया और फार्मा सेक्टर में भी 1% से ज्यादा की गिरावट रही।

बाजार में दबाव के पीछे के कारण

बाजार विशेषज्ञों के मुताबिक, मिड-कैप और स्मॉल-कैप शेयरों में आई तेज गिरावट मुख्य चिंता का विषय है। वैल्यूएशन को लेकर चिंता, कच्चे तेल की ऊंची कीमतें और मध्य-पूर्व में जारी तनाव के कारण निवेशकों की जोखिम लेने की क्षमता प्रभावित हो रही है। इंडिया VIX (वोलाटिलिटी इंडेक्स) में आया उछाल भी इस बात का संकेत है कि आने वाले समय में बाजार में उतार-चढ़ाव बना रह सकता है।

विश्लेषकों का मानना है कि आगे चलकर महंगाई के आंकड़े और दुनिया भर के केंद्रीय बैंकों द्वारा उठाए जाने वाले कदम बाजार की दिशा तय करेंगे। ऐसे माहौल में निवेशक उन शेयरों और सेक्टरों पर ध्यान केंद्रित कर सकते हैं, जहां कमाई की संभावनाएं स्पष्ट हों और वैल्यूएशन सही स्तर पर हो।

कौन से शेयर चढ़े और कौन गिरे?

सेंसेक्स में बढ़त दर्ज करने वाले शेयरों में इटरनल, एलएंडटी, टीसीएस, अल्ट्राटेक सीमेंट, एशियन पेंट्स, मारुति सुजुकी, एक्सिस बैंक, इन्फोसिस और आईसीआईसीआई बैंक शामिल थे। वहीं, टाटा स्टील, ट्रेंट, टेक महिंद्रा, बीईएल, इंटरग्लोब एविएशन, बजाज फिनसर्व, कोटक महिंद्रा बैंक, टाइटन, बजाज फाइनेंस, एनटीपीसी, एसबीआई, एचयूएल, सन फार्मा, भारती एयरटेल, आईटीसी और एमएंडएम के शेयर गिरावट के साथ बंद हुए।

इनपुट: IANS

N

News4Social बिज़नेस डेस्क

News4Social बिज़नेस डेस्क — IANS समेत लाइसेंस-प्राप्त समाचार एजेंसियों की फीड से कारोबार और अर्थव्यवस्था से जुड़ी ताज़ा व प्रामाणिक खबरें संपादकीय समीक्षा के बाद प्रकाशित करता है। हर खबर उसके स्रोत के श्रेय (credit) के साथ दी जाती है। सभी लेख देखें →

आगे पढ़ें

और देखें →