भुवनेश्वर: नई पिस्तौल की पार्टी में चली गोली, दोस्त की हत्या के आरोप में आठ लोग गिरफ्तार
भुवनेश्वर में एक 25 वर्षीय युवक की गोली मारकर हत्या के मामले में कमिश्नरेट पुलिस ने आठ लोगों को गिरफ्तार किया है। यह घटना बुधवार-गुरुवार की दरमियानी रात एक पार्टी के दौरान हुई, जहाँ आरोपी कथित तौर पर…
भुवनेश्वर में एक 25 वर्षीय युवक की गोली मारकर हत्या के मामले में कमिश्नरेट पुलिस ने आठ लोगों को गिरफ्तार किया है। यह घटना बुधवार-गुरुवार की दरमियानी रात एक पार्टी के दौरान हुई, जहाँ आरोपी कथित तौर पर एक नई खरीदी गई पिस्तौल का जश्न मना रहे थे। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, पुलिस ने आरोपियों द्वारा शुरुआत में गढ़ी गई एक झूठी कहानी का भी पर्दाफाश किया है।
मृतक की पहचान कटक जिले के बैदेश्वर निवासी टापू नाइक के रूप में हुई है, जो भुवनेश्वर के सीताराम बस्ती इलाके में रह रहा था। पुलिस ने इस मामले में उमेश कुमार पटनायक, विष्णुप्रसाद सामंतराय उर्फ पिकुन, रत्नाकर साहू, आलोक जेना, मानस स्वैन, अक्षय प्रधान, कलिंग केशरी पात्रा और चित्रसेन गजेंद्र को गिरफ्तार किया है।
पार्टी में कैसे हुई हत्या?
पुलिस के बयान के मुताबिक, यह घटना धौली थाना क्षेत्र के शिशुपाल गढ़ गांव में 'मां दक्षिणकाली कंस्ट्रक्शन' के ऑफिस परिसर में हुई। बुधवार रात को लगभग सात लोगों का एक समूह वहां पार्टी कर रहा था। पुलिस ने बताया, "रात करीब 11:30 बजे, समूह में से एक व्यक्ति ने पिस्तौल निकाली और टापू नाइक पर गोली चला दी।"
जांच में पता चला है कि आरोपी उमेश ने यह पिस्तौल पुरी में किसी से खरीदी थी। इसी हथियार के आने की खुशी में वह अपने दोस्तों के साथ पार्टी कर रहा था, जिसमें मृतक टापू नाइक भी शामिल था। बताया जा रहा है कि शराब के नशे में दोस्तों के बीच किसी बात पर बहस हो गई। इसी बीच, अचानक तैश में आकर आरोपी पिकुन ने टापू पर गोली चला दी, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया।
पुलिस को गुमराह करने की कोशिश
गोली चलने के बाद, दो आरोपी उमेश और पिकुन घायल टापू को स्कूटर से पहले कैपिटल अस्पताल और फिर एक निजी अस्पताल ले गए, जहाँ डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पुलिस कमिश्नर एस. देवदत्त सिंह ने मीडिया को बताया कि उन्हें रात करीब 1 बजे घटना की सूचना मिली। जब पुलिस ने उमेश और पिकुन से पूछताछ की तो उन्होंने एक मनगढ़ंत कहानी सुनाई।
उन्होंने दावा किया कि जब वे मौसी मां ब्रिज के पास बात कर रहे थे, तभी मोटरसाइकिल पर दो अज्ञात लोग आए। एक ने हेलमेट पहना था और दूसरे ने मास्क से चेहरा ढका हुआ था। उन्होंने टापू पर गोली चलाई और फरार हो गए। हालांकि, पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और अन्य सबूतों की जांच के बाद इस कहानी को झूठा पाया। बाद में कड़ी पूछताछ में आरोपियों ने अपना जुर्म कबूल कर लिया और बताया कि उन्होंने हत्या में इस्तेमाल पिस्तौल को एक जलाशय में फेंक दिया था, जिसे पुलिस ने अब बरामद कर लिया है।
इनपुट: IANS



