ईरान के साथ युद्ध ने डुबोई रिपब्लिकन की नैया? उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने हार का ठीकरा फोड़ा
अमेरिकी मध्यावधि चुनावों में रिपब्लिकन पार्टी को मिली करारी हार के बाद उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने इसका सबसे बड़ा कारण ईरान के साथ चल रहे युद्ध को बताया है। उन्होंने खुलासा किया कि 2024 में ट्रंप-वेंस…
अमेरिकी मध्यावधि चुनावों में रिपब्लिकन पार्टी को मिली करारी हार के बाद उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने इसका सबसे बड़ा कारण ईरान के साथ चल रहे युद्ध को बताया है। उन्होंने खुलासा किया कि 2024 में ट्रंप-वेंस को वोट देने वाले कई समर्थकों ने इस बार पाला बदलते हुए डेमोक्रेटिक पार्टी के पक्ष में मतदान कर दिया।
समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, वेंस ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर एक विस्तृत पोस्ट में चुनावी नतीजों का विश्लेषण किया। उन्होंने लिखा कि शुरुआती आंतरिक आंकड़ों से लग रहा था कि पार्टी के समर्थक अच्छी संख्या में वोट डाल रहे हैं, लेकिन असली समस्या मतदान प्रतिशत नहीं, बल्कि वोटरों का बदलना था। उनके मुताबिक, 2024 में ट्रंप को वोट देने वाले कई लोगों ने 2026 में डेमोक्रेट्स को चुना।
हार के पीछे की वजहें
उपराष्ट्रपति वेंस ने बताया कि चुनाव से पहले ही एक विशेषज्ञ ने चेतावनी दी थी कि रिपब्लिकन पार्टी राष्ट्रीय स्तर पर कांग्रेस के चुनावों में करीब 13 प्रतिशत अंकों से पीछे रह सकती है। उस सर्वेक्षण में ट्रंप के नाराज पूर्व समर्थकों ने चार प्रमुख मुद्दों का हवाला दिया था: युद्ध खत्म करना, महंगाई और जीवन-यापन की लागत को नियंत्रित करना, 'अमेरिका फर्स्ट' नीति अपनाना और इज़राइल के साथ संबंधों में बदलाव। वेंस ने कहा, "हमारे समर्थक मतदान केंद्र तक पहुंचे लेकिन इन्हीं कारणों से उनमें से कई लोगों ने डेमोक्रेट्स को वोट दिया।"
वेंस ने यह भी स्वीकार किया कि कुछ लोग मानते हैं कि रिपब्लिकन पार्टी आखिरी समय में आर्थिक मुद्दों को प्रभावी ढंग से नहीं उठा पाई। हालांकि, उन्होंने जोर देकर कहा कि हार का मुख्य कारण युद्ध ही था। उन्होंने लिखा, "हम इसलिए हारे क्योंकि युद्ध लोगों को पसंद नहीं था। राष्ट्रपति ने भी कल रात यही बात कही।"
ट्रंप की प्रतिक्रिया और वेंस की नसीहत
चुनाव के बाद राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भी फॉक्स न्यूज से बातचीत में ईरान को रिपब्लिकन हार का एक अहम कारण माना। हालांकि, वॉल स्ट्रीट जर्नल के साथ एक अलग इंटरव्यू में उन्होंने सैन्य अभियान का बचाव करते हुए कहा कि उन्हें इस फैसले पर कोई पछतावा नहीं है।
जेडी वेंस ने पार्टी के भीतर युद्ध समर्थकों को आईना दिखाते हुए कहा कि उन्हें यह स्वीकार करना चाहिए कि इस संघर्ष की राजनीतिक कीमत चुकानी पड़ी है। उन्होंने पार्टी के उन नेताओं की भी आलोचना की जो हार के लिए आव्रजन नीति को जिम्मेदार ठहरा रहे हैं। अंत में, उन्होंने निराश समर्थकों से पार्टी न छोड़ने और भविष्य के चुनावों के लिए राजनीतिक रूप से सक्रिय बने रहने की अपील की।
चुनावों के नतीजे और पृष्ठभूमि
सीबीएस न्यूज के अनुमानों के मुताबिक, मंगलवार को हुए मध्यावधि चुनावों में डेमोक्रेटिक पार्टी ने प्रतिनिधि सभा और सीनेट, दोनों पर नियंत्रण हासिल कर लिया है। पार्टी ने नॉर्थ कैरोलाइना, टेक्सास, ओहायो, कैनसस और साउथ कैरोलिना जैसे राज्यों में अहम जीत दर्ज कर सीनेट में रिपब्लिकन बहुमत को समाप्त कर दिया। यह चुनाव ट्रंप के दूसरे राष्ट्रपति कार्यकाल के बीच में हुए। गौरतलब है कि फरवरी में अमेरिका-इजरायल समर्थित ईरान संघर्ष शुरू होने के बाद से क्षेत्रीय व्यापार, तेल आपूर्ति और ऊर्जा बाजारों पर गहरा असर पड़ा, जिससे बढ़ती ईंधन कीमतें एक प्रमुख चुनावी मुद्दा बन गईं।
इनपुट: IANS



