अमेरिकी मध्यावधि चुनाव: सीनेट पर नियंत्रण बनाए रखने के लिए ट्रंप ने आखिरी दौर में झोंकी पूरी ताकत
अमेरिका में मंगलवार को होने वाले महत्वपूर्ण मध्यावधि चुनावों से ठीक पहले, पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रिपब्लिकन पार्टी के लिए प्रचार के अंतिम दौर में पूरी ताकत झोंक दी है। उनका मुख्य ज़ोर सीनेट…
अमेरिका में मंगलवार को होने वाले महत्वपूर्ण मध्यावधि चुनावों से ठीक पहले, पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रिपब्लिकन पार्टी के लिए प्रचार के अंतिम दौर में पूरी ताकत झोंक दी है। उनका मुख्य ज़ोर सीनेट पर पार्टी का नियंत्रण बरकरार रखने पर है, जिसके लिए उन्होंने आयोवा और कंसास में चुनावी रैलियों को संबोधित किया। समाचार एजेंसी IANS की एक रिपोर्ट के मुताबिक, ट्रंप ने स्पष्ट तौर पर कहा, "हमें सीनेट जीतनी ही होगी।"
रविवार को आयोवा के डब्यूक में पत्रकारों से बातचीत के दौरान ट्रंप के साथ प्रतिनिधि सभा के स्पीकर माइक जॉनसन और गृह मंत्री डग बर्गम भी मौजूद थे। उन्होंने सीनेट में रिपब्लिकन पार्टी की पकड़ बनाए रखने की आवश्यकता पर बल देते हुए कहा, "रिपब्लिकन पार्टी को सीनेट में अपनी पकड़ बनाए रखनी होगी।" ट्रंप ने मुस्लिम ब्रदरहुड का उल्लेख करते हुए चेतावनी दी कि पार्टी के भीतर कुछ सदस्य भी अपना प्रभाव जमाकर उसे अपने हिसाब से चलाने के लिए मजबूर कर सकते हैं।
प्रमुख उम्मीदवारों के लिए प्रचार
ट्रंप ने बताया कि उनका यह दौरा आयोवा में सीनेट उम्मीदवार एश्ले हिन्सन और कंसास में रोजर मार्शल के समर्थन में है। उन्होंने दोनों की जीत का भरोसा जताते हुए कहा, "हमें भरोसा है कि दोनों चुनाव जीतेंगे।" इससे पहले सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर उन्होंने आयोवा में गवर्नर पद के उम्मीदवार जैक लाह्न और कंसास में टाइ मास्टरसन के लिए भी अपने समर्थन की घोषणा की थी। कंसास की रैली उनके चुनाव प्रचार का आखिरी पड़ाव थी।
मिशिगन सीट पर सियासी हलचल
इस बीच, मिशिगन की सीनेट सीट को लेकर एक अप्रत्याशित राजनीतिक घटनाक्रम देखने को मिला। ट्रंप ने डेमोक्रेटिक पार्टी की कांग्रेस सदस्य हेली स्टीवंस द्वारा रिपब्लिकन उम्मीदवार माइक रोजर्स का समर्थन किए जाने का स्वागत किया। रोजर्स का मुकाबला डेमोक्रेटिक उम्मीदवार अब्दुल अल-सईद से है। ट्रंप ने स्टीवंस के इस फैसले को "समझदारी भरा" और "सही कदम" बताया, क्योंकि उनके अनुसार अल-सईद देश को नुकसान पहुंचाएंगे। उन्होंने स्टीवंस को रिपब्लिकन पार्टी में शामिल होने का न्योता भी दिया।
स्पीकर माइक जॉनसन ने भी स्टीवंस के फैसले का समर्थन करते हुए इसे विवेकपूर्ण सोच और अतिवादी विचारों के बीच का मुकाबला बताया। उन्होंने दावा किया, "स्टीवंस और उनके मंगेतर को काफी धमकियां मिल रही हैं। स्टीवंस खतरे में हो सकती हैं और उन्होंने यह कदम उठाकर साहस दिखाया है।"
अंतरराष्ट्रीय मुद्दे और अन्य चर्चाएं
चुनावी प्रचार के अलावा, ट्रंप ने अंतरराष्ट्रीय मामलों पर भी बात की। उन्होंने इज़रायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के साथ हुई अपनी बातचीत को "बहुत अच्छी बातचीत" बताया। एक्सियोस की एक रिपोर्ट के अनुसार, नेतन्याहू मध्यावधि चुनाव के बाद ईरान पर तत्काल हमले के लिए ट्रंप पर दबाव बना रहे हैं, जबकि ट्रंप बातचीत को आगे बढ़ने देना चाहते हैं। वहीं, कनाडा के साथ व्यापारिक समझौते पर उन्होंने कहा कि एक ऐसी रूपरेखा तैयार है जो अमेरिकी किसानों और दोनों देशों के लिए अच्छी होगी।
इनपुट: IANS



