रामेश्वरम में बनेगा नया हवाई अड्डा, तमिलनाडु सरकार ने केंद्र से मांगी स्थल मंजूरी
प्रसिद्ध तीर्थ और पर्यटन स्थल रामेश्वरम तक हवाई मार्ग से पहुंच को सुगम बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है। तमिलनाडु सरकार ने रामनाथपुरम जिले के मणिकनेरी में प्रस्तावित हवाई अड्डे के…
प्रसिद्ध तीर्थ और पर्यटन स्थल रामेश्वरम तक हवाई मार्ग से पहुंच को सुगम बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है। तमिलनाडु सरकार ने रामनाथपुरम जिले के मणिकनेरी में प्रस्तावित हवाई अड्डे के निर्माण के लिए केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्रालय से 'स्थल मंजूरी' (Site Clearance) का अनुरोध किया है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के अनुसार, राज्य की नोडल एजेंसी, तमिलनाडु औद्योगिक विकास निगम (टीआईडीसीओ) ने यह आवेदन किया है, जिससे परियोजना एक कदम और आगे बढ़ गई है।
वर्तमान में, रामेश्वरम जाने वाले श्रद्धालुओं और पर्यटकों को सड़क या रेल मार्ग पर ही निर्भर रहना पड़ता है। इस प्रस्तावित हवाई अड्डे का मुख्य उद्देश्य यात्रा के समय को कम करना और परिवहन का एक नया विकल्प उपलब्ध कराना है। रामनाथस्वामी मंदिर और धनुषकोडी जैसे प्रमुख आकर्षणों के कारण यह जिला देश-विदेश से बड़ी संख्या में लोगों को आकर्षित करता है।
परियोजना की प्रगति और प्रक्रिया
यह हवाई अड्डा करीब 600 एकड़ भूमि पर बनाया जाना प्रस्तावित है और इसके लिए भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया पहले ही शुरू हो चुकी है। टीआईडीसीओ, जो राज्य में बुनियादी ढांचा परियोजनाओं के लिए जिम्मेदार है, ने हवाई अड्डे के लिए पांच संभावित स्थानों का मूल्यांकन किया था। भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण (एएआई) की सिफारिशों के आधार पर मणिकनेरी को सबसे उपयुक्त स्थान के रूप में अंतिम रूप दिया गया।
स्थल का चयन हो जाने और भूमि अधिग्रहण शुरू होने के बाद, केंद्र सरकार से 'स्थल मंजूरी' प्राप्त करना एक महत्वपूर्ण नियामक कदम है। यह मंजूरी मिलने के बाद ही परियोजना के लिए अन्य स्वीकृतियों की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाएगी। हवाई अड्डे के निर्माण और संचालन के लिए 'स्थल मंजूरी' और 'सैद्धांतिक मंजूरी' दोनों ही अनिवार्य हैं। यह नया आवेदन इसी प्रक्रिया में एक अहम प्रगति का प्रतीक है। हालांकि, हवाई अड्डे के पूरी तरह से चालू होने से पहले अभी कई और मंजूरियां लेनी होंगी।
इनपुट: IANS



