हिंद-प्रशांत क्षेत्र में क्वाड की बड़ी पहल: AI और खनिज रिसाइक्लिंग के लिए करोड़ों डॉलर की मदद का ऐलान
भारत, अमेरिका, जापान और ऑस्ट्रेलिया के समूह 'क्वाड' ने हिंद-प्रशांत क्षेत्र में भरोसेमंद आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) को बढ़ावा देने के लिए एक बड़ी वित्तीय और तकनीकी सहायता की घोषणा की है। समाचार…
भारत, अमेरिका, जापान और ऑस्ट्रेलिया के समूह 'क्वाड' ने हिंद-प्रशांत क्षेत्र में भरोसेमंद आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) को बढ़ावा देने के लिए एक बड़ी वित्तीय और तकनीकी सहायता की घोषणा की है। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के अनुसार, इस पहल के तहत 85 मिलियन डॉलर से अधिक की मदद दी जाएगी। अटलांटा में सदस्य देशों के विदेश मंत्रियों की बैठक के बाद जारी एक संयुक्त बयान में इस योजना का खुलासा किया गया।
इस अहम बैठक में भारत के विदेश मंत्री एस. जयशंकर, अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो, जापान के विदेश मंत्री तोशिमित्सु मोतेगी और ऑस्ट्रेलिया की विदेश मंत्री पेनी वोंग शामिल हुए। बैठक में आर्थिक सुरक्षा, प्रौद्योगिकी, समुद्री सहयोग और आपदा प्रबंधन जैसे कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर केंद्रित नई पहलों का खाका पेश किया गया।
तकनीकी विकास और आपूर्ति श्रृंखला
घोषणा के मुताबिक, क्वाड देश भरोसेमंद तकनीक तक पहुंच बढ़ाने के लिए 85 मिलियन डॉलर से अधिक की सहायता देंगे, जिसमें 'क्वाड एसआई एक्सेलेरेटर' के माध्यम से सहयोग भी शामिल है। हालांकि, यह स्पष्ट नहीं किया गया है कि कौन-सा देश कितनी राशि का योगदान देगा। इसके अलावा, समूह ने सेमीकंडक्टर और AI आपूर्ति श्रृंखला में संभावित कमजोरियों की पहचान करने पर भी सहमति जताई है, ताकि किसी भी संकट से पहले ज़रूरी कदम उठाए जा सकें। 5जी, 6जी और ओपन रेडियो एक्सेस नेटवर्क (ओपन आरएएन) जैसे क्षेत्रों में सहयोग के लिए प्राथमिकता वाले देशों की पहचान भी की जाएगी।
खनिज और आर्थिक सुरक्षा पर फोकस
महत्वपूर्ण खनिजों के लिए किसी एक स्रोत पर निर्भरता कम करने की दिशा में भी एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है। अमेरिका ने भारत और दक्षिण-पूर्व एशिया में इलेक्ट्रॉनिक कचरे से खनिजों को रिसाइकिल करने के लिए बुनियादी ढांचे को बढ़ावा देने हेतु 10 मिलियन डॉलर देने की प्रतिबद्धता जताई है। क्वाड देश रिसाइक्लिंग प्लांट और रिफाइनरी में निजी निवेश को प्रोत्साहित करेंगे। साथ ही, संयुक्त बयान में किसी देश का नाम लिए बिना, आर्थिक दबाव बनाने और मनमाने निर्यात प्रतिबंधों पर भी गंभीर चिंता व्यक्त की गई।
समुद्री सहयोग और साइबर सुरक्षा
समुद्री क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने के लिए क्वाड देश फिजी के कई बंदरगाहों के आधुनिकीकरण में मदद कर रहे हैं। चारों देशों ने होर्मुज, लाल सागर और बाब-अल-मंदेब जलडमरूमध्य में नौवहन की स्वतंत्रता की रक्षा करने पर जोर दिया। इसके अतिरिक्त, लोगों की तस्करी कर उन्हें ऑनलाइन धोखाधड़ी के लिए मजबूर करने वाले आपराधिक नेटवर्क के खिलाफ भी कड़ी कार्रवाई करने की प्रतिबद्धता जताई गई। क्वाड ने कहा कि ऐसे गिरोहों के कारण चारों देशों के नागरिकों को सालाना अरबों डॉलर का नुकसान होता है।
व्यापार और अन्य महत्वपूर्ण घोषणाएं
बैठक में क्वाड का पहला 'बिजनेस लीडर्स फोरम' गठित करने का भी ऐलान किया गया, जिसका उद्देश्य व्यावसायिक संबंधों को मजबूत करना है। साथ ही, क्वाड की निर्यात ऋण एजेंसियों की अगली बैठक 18 नवंबर को टोक्यो में होगी। जापान के विदेश मंत्री मोतेगी ने बैठक में पूर्वी और दक्षिण चीन सागर की स्थिति पर भी चर्चा की और बल प्रयोग से यथास्थिति बदलने के किसी भी प्रयास का विरोध किया।
इनपुट: IANS



