पंजाब: महिलाओं के खिलाफ यौन हिंसा की बाढ़, मुख्यमंत्री के दावों के बावजूद कई मामले दर्ज
पाकिस्तान के पंजाब प्रांत में महिलाओं और लड़कियों के खिलाफ यौन हिंसा के मामले लगातार सामने आ रहे हैं, जो मुख्यमंत्री मरियम नवाज़ के लैंगिक हिंसा के प्रति 'ज़ीरो-टॉलरेंस' के दावों पर गंभीर सवाल खड़े…
पाकिस्तान के पंजाब प्रांत में महिलाओं और लड़कियों के खिलाफ यौन हिंसा के मामले लगातार सामने आ रहे हैं, जो मुख्यमंत्री मरियम नवाज़ के लैंगिक हिंसा के प्रति 'ज़ीरो-टॉलरेंस' के दावों पर गंभीर सवाल खड़े करते हैं। समाचार एजेंसी IANS की एक रिपोर्ट के अनुसार, हाल के दिनों में अकेले लाहौर में छह महिलाओं के साथ कथित बलात्कार और तीन लड़कियों के साथ यौन उत्पीड़न की घटनाएँ दर्ज की गई हैं। पीड़ितों में एक 15 साल की मानसिक रूप से अक्षम किशोरी भी शामिल है।
इन घटनाओं से समाज में महिलाओं की सुरक्षा को लेकर चिंताएँ और बढ़ गई हैं। एक मामले में, एक संदिग्ध व्यक्ति ने मानसिक रूप से अक्षम लड़की को एक सुनसान जगह पर ले जाकर उसके साथ कथित तौर पर दुष्कर्म किया। वहीं, एक अन्य मामले में हंजारवाल की एक महिला ने आरोप लगाया है कि उसके पूर्व पति ने घर में जबरन घुसकर उसके साथ बलात्कार किया और विरोध करने पर मारपीट व धमकी दी।
नौकरी और शादी के झांसे में यौन शोषण
अपराधियों द्वारा महिलाओं को फंसाने के लिए अलग-अलग तरीकों का इस्तेमाल किया जा रहा है। एक घटना में, कैब ड्राइवर ने एक महिला को फैक्ट्री में अच्छी नौकरी का झांसा दिया। जब महिला नौकरी की जानकारी लेने के लिए काहना में बताई गई जगह पर पहुँची, तो ड्राइवर और उसके दोस्त ने उसके साथ सामूहिक बलात्कार किया। आरोपियों ने इस घटना का वीडियो भी बनाया और उसे ब्लैकमेल कर दोबारा अपराध को अंजाम दिया।
इसी तरह, जौहर टाउन की एक महिला ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि एक व्यक्ति ने उससे शादी का वादा कर शारीरिक संबंध बनाए, लेकिन जब वह गर्भवती हो गई तो उसने शादी करने से इनकार कर दिया। निशतर कॉलोनी और शाहदरा टाउन में भी पुलिस ने दो अलग-अलग महिलाओं की शिकायतों पर बलात्कार के मामले दर्ज किए हैं, जिनमें आरोपियों ने पीड़ितों का कई बार यौन शोषण किया था।
देशव्यापी चिंताजनक आँकड़े
महिलाओं के खिलाफ हिंसा सिर्फ लाहौर तक सीमित नहीं है, बल्कि यह एक राष्ट्रव्यापी समस्या है। पाकिस्तानी अखबार 'डॉन' के हवाले से साहिल संगठन की एक रिपोर्ट में बताया गया है कि 2026 (संभावित रूप से 2024 का टंकण त्रुटि) के पहले छह महीनों में पाकिस्तान में लैंगिक हिंसा के 3,172 मामले सामने आए, जिनमें ट्रांसजेंडर लोगों से जुड़े 18 मामले भी शामिल थे।
इन छह महीनों के दौरान देश में 644 हत्याएँ, 514 यातना के मामले, 462 अपहरण, 363 आत्महत्याएँ, 280 बलात्कार और 132 ऑनर किलिंग के मामले दर्ज किए गए। रिपोर्ट के मुताबिक, 27% मामलों में अपराधी पीड़ितों के परिचित थे, जबकि 13% पति थे। यह रिपोर्ट पंजाब, सिंध, बलूचिस्तान समेत पाकिस्तान के विभिन्न क्षेत्रों के समाचार पत्रों से जुटाई गई जानकारी पर आधारित है।
इनपुट: IANS



