ओम प्रकाश माथुर ने संभाला केरल के राज्यपाल का पद, मुख्यमंत्री सतीशन ने दी शुभकामनाएं
केरल को ओम प्रकाश माथुर के रूप में अपना 29वां राज्यपाल मिल गया है। शुक्रवार को तिरुवनंतपुरम के लोकभवन में आयोजित एक औपचारिक समारोह में उन्होंने पद एवं गोपनीयता की शपथ ली। समाचार एजेंसी IANS की…
केरल को ओम प्रकाश माथुर के रूप में अपना 29वां राज्यपाल मिल गया है। शुक्रवार को तिरुवनंतपुरम के लोकभवन में आयोजित एक औपचारिक समारोह में उन्होंने पद एवं गोपनीयता की शपथ ली। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के अनुसार, केरल उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश सौमेन सेन ने श्री माथुर को शपथ दिलाई। इस नियुक्ति के साथ ही राज्य में उनके कार्यकाल की आधिकारिक शुरुआत हो गई है।
ओम प्रकाश माथुर की यह नियुक्ति राजेंद्र विश्वनाथ आर्लेकर के तमिलनाडु स्थानांतरण के बाद हुई है। केरल भेजे जाने से पहले, माथुर सिक्किम के राज्यपाल के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे थे। उन्होंने ऐसे समय में पदभार ग्रहण किया है जब राज्य में हाल के विधानसभा चुनावों के बाद नई सरकार का गठन हुआ है, जिसका नेतृत्व मुख्यमंत्री वी.डी. सतीशन कर रहे हैं।
शपथ ग्रहण समारोह और गणमान्य अतिथि
इस महत्वपूर्ण समारोह में मुख्यमंत्री वी.डी. सतीशन, विधानसभा अध्यक्ष तिरुवंचूर राधाकृष्णन सहित कई मंत्री और निर्वाचित प्रतिनिधि उपस्थित थे। हालांकि, विपक्ष के नेता पी. विजयन इस कार्यक्रम में शामिल नहीं हुए। राज्यपाल के तौर पर, श्री माथुर को मुख्यमंत्री सतीशन के नेतृत्व वाली सरकार के साथ मिलकर संवैधानिक और प्रशासनिक मामलों पर काम करना होगा।
मुख्यमंत्री ने एक्स पर दी बधाई
समारोह के बाद मुख्यमंत्री सतीशन ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर राज्यपाल को बधाई दी। उन्होंने लिखा, "आज लोकभवन में ओम प्रकाश माथुर के केरल के 29वें राज्यपाल के रूप में शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होना मेरे लिए बड़े सम्मान की बात रही। न्यायमूर्ति सौमेन सेन ने उन्हें पद की शपथ दिलाई। केरल सरकार और यहां की जनता की ओर से, मैं राज्यपाल को हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं देता हूं। आशा है कि उनका कार्यकाल उत्कृष्ट सेवा, सार्थक योगदान और हमारे राज्य की निरंतर प्रगति से भरा रहेगा।"
तिरुवनंतपुरम में भव्य स्वागत
राज्यपाल माथुर गुरुवार को ही राज्य की राजधानी तिरुवनंतपुरम पहुंच गए थे। हवाई अड्डे के तकनीकी क्षेत्र में मुख्यमंत्री सतीशन, कई मंत्रियों, मुख्य सचिव और अन्य अधिकारियों ने उनका आधिकारिक सम्मान के साथ स्वागत किया। केरल पहुंचने पर उन्होंने इस राज्य को 'ईश्वर का अपना देश' बताते हुए यहां एक नई यात्रा शुरू करने पर प्रसन्नता व्यक्त की।
इनपुट: IANS



