ओडिशा के युवाओं को नई राह: 450 करोड़ की 'दक्ष्यता विकास योजना' को कैबिनेट की हरी झंडी
ओडिशा के युवाओं के कौशल और रोजगार क्षमता को बढ़ाने के उद्देश्य से राज्य सरकार ने एक बड़ी पहल की है। मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी की अध्यक्षता में मंगलवार को हुई कैबिनेट बैठक में 450 करोड़ रुपए की…
ओडिशा के युवाओं के कौशल और रोजगार क्षमता को बढ़ाने के उद्देश्य से राज्य सरकार ने एक बड़ी पहल की है। मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी की अध्यक्षता में मंगलवार को हुई कैबिनेट बैठक में 450 करोड़ रुपए की महत्वाकांक्षी 'दक्ष्यता विकास योजना' को मंजूरी दी गई। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के अनुसार, इस योजना का लक्ष्य राज्य के लगभग 4.2 लाख युवाओं को देश और विदेश में रोजगार के उभरते अवसरों के लिए तैयार करना है।
यह योजना 2026-27 से 2028-29 की अवधि के लिए लागू की जाएगी। मुख्य सचिव अनु गर्ग ने इस योजना की जानकारी देते हुए बताया, "यह योजना युवाओं के लिए तैयार की गई है।... इसकी सबसे बड़ी विशेषता कौशल प्रशिक्षण को उच्च शिक्षा से जोड़ना है।"
उच्च शिक्षा के साथ कौशल विकास
एक सरकारी बयान के मुताबिक, इस योजना के तहत राज्य के उच्च शिक्षण संस्थानों में 'स्किल हब' स्थापित किए जाएंगे। इन केंद्रों में छात्रों को उनकी नियमित पढ़ाई के साथ-साथ राष्ट्रीय कौशल योग्यता ढांचे (NSQF) के अनुरूप व्यावसायिक प्रशिक्षण दिया जाएगा। इसका उद्देश्य उन्हें उद्योगों की मांग के अनुसार कुशल बनाना है, जिससे उनके लिए रोजगार के अवसर बढ़ सकें।
योजना के प्रमुख प्रावधान
योजना के अंतर्गत, 1.17 लाख युवाओं को रोजगार से जुड़ा अल्पकालिक प्रशिक्षण दिया जाएगा। इसके अतिरिक्त, 3 लाख युवाओं को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), क्लाउड कंप्यूटिंग, डेटा एनालिटिक्स और साइबर सुरक्षा जैसे भविष्य के क्षेत्रों में डिजिटल कौशल का प्रशिक्षण मिलेगा। यह योजना दिव्यांगजन, जेल बंदी, ट्रांसजेंडर समुदाय और विशेष रूप से कमजोर जनजातीय समूहों जैसे संवेदनशील वर्गों के लिए विशेष परियोजनाओं का भी समर्थन करेगी।
विदेश में रोजगार पर खास ध्यान
अंतरराष्ट्रीय श्रम बाजार में कुशल कामगारों की बढ़ती मांग को देखते हुए, यह योजना ओडिशा के युवाओं के लिए विदेशी रोजगार के दरवाजे खोलने पर भी केंद्रित है। पात्र छात्रों को जर्मन और जापानी जैसी विदेशी भाषाओं का प्रशिक्षण दिया जाएगा। इसके अलावा, उन्हें सांस्कृतिक प्रशिक्षण, प्रमाणन, वीजा और यात्रा में सहायता के साथ-साथ नौकरी मिलने के बाद भी मदद मुहैया कराई जाएगी। योजना की प्रगति की निगरानी के लिए एक 'स्किल्ड-इन-ओडिशा डिजिटल हब' भी स्थापित किया जाएगा।
भुवनेश्वर में आयोजित राज्य मंत्रिमंडल की 48वीं बैठक में इस योजना के अलावा 10 अन्य विभागों से जुड़े कुल 16 प्रमुख प्रस्तावों को स्वीकृति प्रदान की गई।
इनपुट: IANS



