जम्मू-कश्मीर: सदियों पुरानी ‘दरबार मूव’ परंपरा के लिए तैयारियां शुरू, सीएम उमर अब्दुल्ला ने दिए निर्देश
जम्मू-कश्मीर की ऐतिहासिक ‘दरबार मूव’ परंपरा के तहत, सर्दियों के लिए सरकारी कामकाज को श्रीनगर से जम्मू स्थानांतरित करने की प्रक्रिया की समीक्षा के लिए मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने एक उच्च-स्तरीय बैठक…
जम्मू-कश्मीर की ऐतिहासिक ‘दरबार मूव’ परंपरा के तहत, सर्दियों के लिए सरकारी कामकाज को श्रीनगर से जम्मू स्थानांतरित करने की प्रक्रिया की समीक्षा के लिए मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने एक उच्च-स्तरीय बैठक की अध्यक्षता की। यह परंपरा डोगरा महाराजाओं के समय से चली आ रही है, जिसमें सरकार हर छह महीने में अपनी दोनों राजधानियों, श्रीनगर और जम्मू के बीच दफ्तरों को स्थानांतरित करती है।
समाचार एजेंसी IANS से मिली जानकारी के अनुसार, इस बैठक में मुख्यमंत्री ने सभी संबंधित विभागों को यह सुनिश्चित करने का निर्देश दिया कि दफ्तरों का स्थानांतरण सुचारू, सुरक्षित और बेहतर तालमेल के साथ हो। यह परंपरा उपराज्यपाल शासन के दौरान रोक दी गई थी, लेकिन उमर अब्दुल्ला के नेतृत्व वाली चुनी हुई सरकार ने इसे बहाल कर दिया था।
कर्मचारियों और सामान की सुरक्षित आवाजाही
बैठक में सामान्य प्रशासन विभाग (जीएडी) के आयुक्त सचिव एम. राजू ने परिवहन और लॉजिस्टिक्स व्यवस्था पर विस्तृत प्रस्तुति दी। इस पर मुख्यमंत्री ने जेकेआरटीसी के प्रबंध निदेशक और यातायात विभाग को निर्देश दिया कि वे 31 अक्टूबर और 1 नवंबर, 2026 को 'डाउन काफिले' (श्रीनगर से जम्मू) के लिए पर्याप्त बसों की उपलब्धता सुनिश्चित करें। उन्होंने कर्मचारियों और सामान की सुरक्षित आवाजाही के लिए विभागों के बीच बेहतर तालमेल पर जोर दिया।
सुरक्षा और सुविधाओं के पुख्ता इंतजाम
सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा करते हुए मुख्यमंत्री ने पुलिस और अन्य एजेंसियों को कर्मचारियों के रिहायशी इलाकों सहित पूरे जम्मू में व्यापक सुरक्षा उपाय करने का निर्देश दिया। बैठक में यह भी बताया गया कि काफिले के रास्ते में मेडिकल सहायता उपलब्ध रहेगी, जिसके लिए कश्मीर और जम्मू दोनों डिवीजनों में डॉक्टर, पैरामेडिक्स और एम्बुलेंस तैनात की जाएंगी। इसके अतिरिक्त, जम्मू के संभागीय आयुक्त को शहर के भीतर यातायात प्रबंधन की समीक्षा करने और यात्रा करने वाले कर्मचारियों के लिए भोजन और अन्य सार्वजनिक सुविधाओं हेतु مناسب स्थानों की पहचान करने को कहा गया है।
श्रीनगर में विंटर सचिवालय और कर्मचारियों के लिए अवकाश
मुख्यमंत्री ने जम्मू जाने वाले कश्मीर-स्थित कर्मचारियों के लिए विशेष आकस्मिक अवकाश (कैजुअल लीव) दिए जाने का भी निर्देश दिया, जिसका आदेश जल्द ही जारी किया जाएगा। इसके साथ ही, बैठक में श्रीनगर में न्यूनतम कर्मचारियों के साथ काम करने वाले 'विंटर सचिवालय' के कामकाज की व्यवस्थाओं पर भी चर्चा हुई। मुख्यमंत्री ने सामान्य प्रशासन विभाग को नवंबर से मंत्रियों और प्रशासनिक सचिवों की तैनाती के लिए एक मासिक रोस्टर जारी करने का निर्देश दिया।
इनपुट: IANS



