सोमवार, 7 सितम्बर 2026 · नई दिल्ली
दुनिया

अमेरिका-ईरान सैन्य टकराव लंबा खिंच सकता है: पूर्व रक्षा मंत्री लियोन पेनेटा ने चेताया

अमेरिका और ईरान के बीच जारी सैन्य संघर्ष अगले छह महीने और खिंच सकता है, जिससे यह मध्य-पूर्व का एक लंबा युद्ध बन सकता है। समाचार एजेंसी IANS की एक रिपोर्ट के अनुसार, यह चेतावनी अमेरिका के पूर्व रक्षा…

अमेरिका-ईरान सैन्य टकराव लंबा खिंच सकता है: पूर्व रक्षा मंत्री लियोन पेनेटा ने चेताया
(फोटो: IANS)

अमेरिका और ईरान के बीच जारी सैन्य संघर्ष अगले छह महीने और खिंच सकता है, जिससे यह मध्य-पूर्व का एक लंबा युद्ध बन सकता है। समाचार एजेंसी IANS की एक रिपोर्ट के अनुसार, यह चेतावनी अमेरिका के पूर्व रक्षा मंत्री और CIA के पूर्व निदेशक लियोन पेनेटा ने दी है। उन्होंने मौजूदा हालात को एक गतिरोध बताया, जहाँ दोनों में से कोई भी पक्ष बातचीत, समर्पण या किसी बड़े टकराव का जोखिम उठाने को तैयार नहीं दिख रहा है।

विज्ञापन

पेनेटा ने 'द गार्जियन' को दिए एक साक्षात्कार में कहा, "मुझे लगता है कि इस युद्ध के अगले छह महीने तक बिना किसी समाधान के जारी रहने की संभावना है।" उन्होंने यह भी कहा कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के पास इस संघर्ष को खत्म करने के लिए सीमित विकल्प ही बचे हैं, जो छह महीने से अधिक समय से चल रहा है।

राष्ट्रपति ट्रंप के लिए क्या हैं विकल्प?

लियोन पेनेटा के अनुसार, राष्ट्रपति ट्रंप के सामने तीन संभावित रास्ते हैं। पहला, वह सैन्य अभियान रोक दें और मान लें कि यह सफल नहीं रहा, जिसकी संभावना पेनेटा को बहुत कम लगती है। दूसरा विकल्प मौजूदा स्थिति को बनाए रखना है, जिसमें अमेरिका और ईरान रुक-रुक कर एक-दूसरे पर हमले करते रहें, लेकिन बड़े युद्ध से बचें। पेनेटा का मानना है कि इससे संघर्ष बिना किसी स्पष्ट परिणाम के लंबा खिंचेगा।

तीसरा विकल्प यह है कि अमेरिका हॉर्मुज जलडमरूमध्य पर पूरी तरह नियंत्रण कर ले और ईरान की उस क्षमता को खत्म कर दे जिससे वह इस रणनीतिक समुद्री मार्ग को प्रभावित करता है। पेनेटा के मुताबिक, अगर प्रशासन एक स्पष्ट सैन्य सफलता का दावा करना चाहता है, तो इस जलडमरूमध्य को पूरी तरह खोलना उसका मुख्य उद्देश्य होना चाहिए।

नेतृत्व पर चिंता और हालिया घटनाक्रम

यह चेतावनी उस समय आई है जब शनिवार को अमेरिकी बलों ने ईरान के तीन कच्चे तेल के टैंकरों पर हमला किया था। अमेरिकी सेंट्रल कमांड के अनुसार, यह कार्रवाई ईरान द्वारा एक अमेरिकी विमानवाहक पोत और एक विध्वंसक जहाज पर बैलिस्टिक मिसाइल हमले के जवाब में की गई थी।

इसी बीच, अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने इस हफ्ते कहा था कि वह इसे युद्ध नहीं कहेंगे और यह कब खत्म होगा, यह ईरान पर निर्भर करेगा। पेनेटा ने पेंटागन में नेतृत्व स्तर पर बदलाव और कथित आंतरिक तनाव पर भी चिंता जताई, खासकर सेना सचिव डैन ड्रिस्कॉल के इस्तीफे के बाद। उन्होंने कहा कि शीर्ष नेतृत्व में तनाव से अमेरिकी सैनिकों में अनिश्चितता पैदा हो सकती है और यह चीन व रूस जैसे प्रतिद्वंद्वियों को अमेरिका की कमजोरी का संकेत दे सकता है।

हालांकि, पेंटागन के प्रवक्ता शॉन पार्नेल ने इन चिंताओं को खारिज करते हुए कहा कि विभाग रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ के नेतृत्व में पूरी क्षमता से काम कर रहा है। पेनेटा ने लंबी अवधि तक तैनात सैनिकों को मिल रही सहायता पर भी सवाल उठाया, जिसका उदाहरण उन्होंने यूएसएस अब्राहम लिंकन जहाज का दिया, जो 260 दिनों से अधिक समय तक बिना किसी बंदरगाह पर रुके मिशन पर था।

इनपुट: IANS

N

News4Social इंटरनेशनल डेस्क

News4Social इंटरनेशनल डेस्क — IANS समेत लाइसेंस-प्राप्त समाचार एजेंसियों की फीड से अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रम से जुड़ी ताज़ा व प्रामाणिक खबरें संपादकीय समीक्षा के बाद प्रकाशित करता है। हर खबर उसके स्रोत के श्रेय (credit) के साथ दी जाती है। सभी लेख देखें →

आगे पढ़ें

और देखें →