भारत-तंजानिया रक्षा संबंध: सैन्य सहयोग को नई दिशा देने के लिए पहली स्टाफ-वार्ता संपन्न
भारत और तंजानिया ने अपने रक्षा संबंधों को और मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। दोनों देशों की सेनाओं के बीच पहली स्टाफ-वार्ता नई दिल्ली में 27 से 29 अक्टूबर तक सफलतापूर्वक आयोजित की…
भारत और तंजानिया ने अपने रक्षा संबंधों को और मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। दोनों देशों की सेनाओं के बीच पहली स्टाफ-वार्ता नई दिल्ली में 27 से 29 अक्टूबर तक सफलतापूर्वक आयोजित की गई। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, इस वार्ता का मुख्य उद्देश्य सैन्य शिक्षा, प्रशिक्षण के आदान-प्रदान और क्षमता निर्माण के जरिए द्विपक्षीय रक्षा सहयोग को और गहरा करना था।
तीन दिवसीय इस कार्यक्रम के दौरान, तंजानिया से आए प्रतिनिधिमंडल ने भारतीय सैन्य प्रतिष्ठानों का दौरा भी किया। उन्होंने 505 आर्मी बेस वर्कशॉप और डीपीएसयू भवन का भ्रमण कर भारत की सैन्य रखरखाव क्षमताओं और स्वदेशी रक्षा विनिर्माण इकोसिस्टम के बारे में जानकारी हासिल की। भारतीय सेना के अतिरिक्त जन सूचना महानिदेशालय (ADGPI) ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर इस जानकारी की पुष्टि की।
रक्षा क्षमताओं का प्रदर्शन और शहीदों को श्रद्धांजलि
इस दौरे के दौरान तंजानिया के प्रतिनिधिमंडल ने नई दिल्ली स्थित राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर जाकर शहीद भारतीय सैनिकों को श्रद्धांजलि भी अर्पित की। ADGPI के अनुसार, इस बातचीत से दोनों देशों के बीच आपसी विश्वास और गहरे सैन्य सहयोग की साझा प्रतिबद्धता को मजबूती मिली है।
रक्षा सहयोग का विस्तार
यह वार्ता दोनों देशों के बीच रक्षा क्षेत्र में चल रहे संवाद का ही एक हिस्सा है। इसी साल फरवरी में, भारत और तंजानिया ने 2 और 3 फरवरी को जंजीबार में संयुक्त रक्षा सहयोग समिति (JDCC) की चौथी बैठक आयोजित की थी। उस बैठक की सह-अध्यक्षता रक्षा मंत्रालय के संयुक्त सचिव (अंतरराष्ट्रीय सहयोग) अमिताभ प्रसाद ने की थी। उस दौरान सैन्य प्रशिक्षण, समुद्री सुरक्षा और रक्षा उद्योग में सहयोग बढ़ाने पर सहमति बनी थी।
रक्षा मंत्रालय के जनसंपर्क निदेशालय ने उस समय बताया था कि दोनों पक्षों ने आतंकवाद-रोधी गतिविधियों, शांति स्थापना प्रशिक्षण और इलेक्ट्रॉनिक युद्ध (EW), साइबर सुरक्षा व आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) जैसे विशेष क्षेत्रों में प्रशिक्षण के नए अवसरों पर भी विचार किया था।
गौरतलब है कि 2023 में तंजानिया की राष्ट्रपति सामिया सुलुहू हसन की भारत यात्रा के दौरान दोनों देशों के द्विपक्षीय संबंधों को 'रणनीतिक साझेदारी' का दर्जा दिया गया था, जिसके बाद से रक्षा और सुरक्षा सहयोग में लगातार तेजी आई है।
इनपुट: IANS



