एवरेस्ट जीरा पाउडर में कीटनाशक, बेकरी में गंदगी: FSSAI ने दो बड़ी कंपनियों पर की कड़ी कार्रवाई
खाद्य सुरक्षा नियामक FSSAI ने देश की दो जानी-मानी खाद्य उत्पाद कंपनियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, एक तरफ जहां एवरेस्ट फूड प्रोडक्ट्स को अपने जीरा पाउडर का एक बैच…
खाद्य सुरक्षा नियामक FSSAI ने देश की दो जानी-मानी खाद्य उत्पाद कंपनियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, एक तरफ जहां एवरेस्ट फूड प्रोडक्ट्स को अपने जीरा पाउडर का एक बैच बाजार से वापस बुलाने का आदेश दिया गया है, वहीं दूसरी तरफ पश्चिम बंगाल की क्रिएटिव बेकर्स एंड कन्फेक्शनर्स का लाइसेंस तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। ये दोनों कदम उत्पादों में कीटनाशक की मात्रा अधिक पाए जाने और उत्पादन इकाई में गंभीर स्वच्छता खामियों के चलते उठाए गए हैं।
नियामक ने अपने बयान में कहा कि एवरेस्ट के जीरा पाउडर के एक बैच में कीटनाशक की मात्रा तय सीमा से ज्यादा पाई गई, जिसके बाद उसे बाजार से हटाने का निर्देश दिया गया। वहीं, क्रिएटिव बेकर्स की फैक्ट्री के निरीक्षण में गंदगी और खाद्य सुरक्षा मानकों के घोर उल्लंघन का पता चलने पर उसका लाइसेंस सस्पेंड कर दिया गया।
एवरेस्ट जीरा पाउडर में क्या मिला?
FSSAI के मुताबिक, यह कार्रवाई गोवा के रिवरसाइड रिसॉर्ट्स एंड हॉलिडे होम्स से लिए गए जीरा पाउडर के एक नमूने की लैब जांच के बाद की गई। खाद्य विश्लेषक ने इस उत्पाद को खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 के तहत 'असुरक्षित' पाया। रिपोर्ट में खुलासा हुआ कि उत्पाद में एजोक्सीस्ट्रोबिन (Azoxystrobin) और थायमेथोक्साम (Thiamethoxam) नाम के कीटनाशकों के अवशेष मौजूद थे, जिनकी मात्रा निर्धारित अधिकतम सीमा से काफी अधिक थी।
बेकरी में पाई गईं गंभीर खामियां
पश्चिम बंगाल स्थित क्रिएटिव बेकर्स एंड कन्फेक्शनर्स प्राइवेट लिमिटेड की उत्पादन इकाई के निरीक्षण में कई चौंकाने वाली बातें सामने आईं। जांच टीम को उत्पादन और हैंडलिंग क्षेत्रों में गंदगी, चिकनाई, धूल, मकड़ी के जाले और मक्खियां मिलीं। कच्चे माल को खुले में रखा जा रहा था और उन्हें स्टोर करने के लिए जंग लगे और गंदे कंटेनरों का इस्तेमाल हो रहा था।
इसके अलावा, फैक्ट्री परिसर में कचरा, पुराना स्टॉक, जंग लगी मशीनें, उखड़ता हुआ पेंट, नमी वाली दीवारें और टूटी हुई फर्श की टाइलें भी पाई गईं। कंपनी पानी की जांच रिपोर्ट, तापमान निगरानी रिकॉर्ड और उपभोक्ता शिकायतों के रजिस्टर जैसे कई अनिवार्य खाद्य सुरक्षा रिकॉर्ड भी ठीक से नहीं रख रही थी। इन गंभीर चूकों के कारण, FSSAI ने कंपनी को निलंबन अवधि के दौरान सभी खाद्य-संबंधी गतिविधियां रोकने का निर्देश दिया है।
इनपुट: IANS



