ब्राजील: चुनावी हार के बाद अमेरिका पहुंचे फ्लावियो बोल्सोनारो, विदेश से विपक्ष के नेतृत्व का ऐलान
ब्राजील के राष्ट्रपति चुनाव में हार का सामना करने के बाद, पूर्व राष्ट्रपति जेयर बोल्सोनारो के बेटे फ्लावियो बोल्सोनारो अमेरिका पहुंच गए हैं। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, उन्होंने सोशल मीडिया…
ब्राजील के राष्ट्रपति चुनाव में हार का सामना करने के बाद, पूर्व राष्ट्रपति जेयर बोल्सोनारो के बेटे फ्लावियो बोल्सोनारो अमेरिका पहुंच गए हैं। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर एक खुला पत्र जारी कर खुद को ब्राजील का नेता बताया है और कहा है कि वह विदेश से ही विपक्ष का नेतृत्व करेंगे।
अपने पत्र में, फ्लावियो ने राष्ट्रपति चुनाव में धांधली का आरोप लगाया, हालांकि उन्होंने इसके लिए कोई सबूत पेश नहीं किया। उन्होंने दावा किया कि मतदान समाप्त होने के बाद समय बढ़ाने का आदेश दिया गया, जिससे मतदाताओं के साथ असमान व्यवहार हुआ। गौरतलब है कि रविवार को हुए रनऑफ चुनाव में मौजूदा राष्ट्रपति लुईज इनासियो लूला दा सिल्वा ने 40 लाख से अधिक वोटों के अंतर से जीत हासिल की थी।
चुनाव और मतदान का समय विवाद
आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, राष्ट्रपति लूला को 51.79% वैध वोट मिले, जबकि फ्लावियो बोल्सोनारो को 48.21% वोट प्राप्त हुए। ब्राजीलियाई मीडिया की रिपोर्टों के मुताबिक, मतदान की मूल समय सीमा शाम 5 बजे के बाद केवल लगभग 34,300 वोट ही डाले गए थे, जो कि लूला की जीत के अंतर से बहुत कम है। दरअसल, सुप्रीम फेडरल कोर्ट (एसटीएफ) ने दोनों उम्मीदवारों के अभियानों की शिकायतों के बाद मतदान की अवधि शाम 7 बजे तक बढ़ा दी थी, ताकि मतदाताओं को मतदान केंद्रों तक पहुंचने में हो रही कठिनाइयों से राहत मिल सके। यह आदेश सिर्फ उन केंद्रों पर लागू हुआ जो शाम 5 बजे तक खुले थे।
कानूनी मामला और विदेश यात्रा
फ्लावियो बोल्सोनारो की यह विदेश यात्रा इसलिए भी चर्चा में है क्योंकि एसटीएफ के न्यायाधीश एलेक्जेंड्रे डी मोरेस ने उन्हें देश छोड़ने से रोकने का आदेश दिया था। यह आदेश मनी लॉन्ड्रिंग और विदेशों में अवैध धन हस्तांतरण की जांच के सिलसिले में था, जिसके तहत फ्लावियो को अपना पासपोर्ट जमा करने के लिए कहा गया था। इसके बावजूद, अमेरिकी मीडिया ने एक वरिष्ठ अधिकारी के हवाले से बताया है कि अमेरिकी विदेश विभाग फ्लावियो और उनके परिवार को वीजा जारी करेगा और उन्हें देश में प्रवेश की अनुमति देगा। अपने पत्र में फ्लावियो ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और अर्जेंटीना के राष्ट्रपति जेवियर माइली को धन्यवाद भी दिया।
इनपुट: IANS



