तमिलनाडु: दो दशक पुराने भ्रष्टाचार मामले में DMK विधायक अनीता राधाकृष्णन और उनका परिवार बरी
तमिलनाडु के वरिष्ठ DMK नेता और पूर्व मंत्री अनीता आर. राधाकृष्णन को 20 साल पुराने आय से अधिक संपत्ति के मामले में बड़ी कानूनी राहत मिली है। थूथुकुडी की एक अदालत ने मंगलवार को उन्हें और उनके परिवार के…
तमिलनाडु के वरिष्ठ DMK नेता और पूर्व मंत्री अनीता आर. राधाकृष्णन को 20 साल पुराने आय से अधिक संपत्ति के मामले में बड़ी कानूनी राहत मिली है। थूथुकुडी की एक अदालत ने मंगलवार को उन्हें और उनके परिवार के छह अन्य सदस्यों को सभी आरोपों से बरी कर दिया। समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के अनुसार, उन पर 4.90 करोड़ रुपए की अवैध संपत्ति अर्जित करने का आरोप था, जो अब खारिज हो गया है।
यह मामला उस दौर का है जब राधाकृष्णन पूर्व मुख्यमंत्री जे. जयललिता के नेतृत्व वाली AIADMK सरकार में 2001 से 2006 तक आवास मंत्री थे। आरोपों के मुताबिक, उन्होंने मंत्री पद पर रहते हुए अपनी आय के ज्ञात स्रोतों से कहीं ज़्यादा संपत्ति जमा की थी। दिलचस्प बात यह है कि 2006 में सत्ता परिवर्तन के बाद जब DMK प्रमुख एम. करुणानिधि मुख्यमंत्री बने, तब राज्य के 'सतर्कता और भ्रष्टाचार निरोधक निदेशालय' (DVAC) ने राधाकृष्णन के खिलाफ यह मामला दर्ज किया था।
लंबी कानूनी लड़ाई का अंत
थूथुकुडी जिला सत्र न्यायाधीश सुभा देवी ने मंगलवार शाम करीब 4 बजे यह फैसला सुनाया, जिससे लगभग दो दशकों से चल रही कानूनी प्रक्रिया का अंत हो गया। इस मामले में राधाकृष्णन के अलावा उनकी पत्नी जयंती, तीन बेटे—अनंत पद्मनाभन, अनंत रामकृष्णन और अनंत महेश्वरन—तथा दो भाई शनमुगनंदन और शिवानंदन भी आरोपी थे।
अदालती कार्यवाही के दौरान अभियोजन पक्ष ने अपने दावों के समर्थन में दस्तावेजी सबूत पेश किए और कई गवाहों से पूछताछ की। पूरी जिरह सुनने के बाद अदालत ने अपना फैसला सुनाया। फैसले के बाद तिरुचेंदूर से मौजूदा विधायक राधाकृष्णन के समर्थकों ने तूतीकुड़ी और तिरुचेंदूर में पटाखे फोड़कर और मिठाइयां बांटकर जश्न मनाया।
इनपुट: IANS



