अंकिता भंडारी हत्याकांड: CBI ने पूर्व MLA की पत्नी से की पूछताछ, 'VIP' की भूमिका पर टिकी निगाहें
उत्तराखंड के चर्चित अंकिता भंडारी हत्याकांड में केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) की पड़ताल तेज हो गई है। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, रविवार को CBI की चार सदस्यीय टीम ने उत्तर प्रदेश के सहारनपुर पहुंचकर…
उत्तराखंड के चर्चित अंकिता भंडारी हत्याकांड में केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) की पड़ताल तेज हो गई है। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, रविवार को CBI की चार सदस्यीय टीम ने उत्तर प्रदेश के सहारनपुर पहुंचकर उर्मिला सनावर से पूछताछ की। उर्मिला को पूर्व भाजपा विधायक सुरेश राठौर की पत्नी बताया जाता है। इस टीम में एक महिला अधिकारी भी शामिल थीं।
यह पूछताछ उस घटना के ठीक एक दिन बाद हुई, जब CBI ने उत्तराखंड के हरिद्वार स्थित शिवालिक गेस्ट हाउस में पूर्व विधायक सुरेश राठौर से सवाल-जवाब किए थे। हाल ही में उर्मिला सनावर, अंकिता के माता-पिता के साथ नई दिल्ली में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में भी शामिल हुई थीं। उन्होंने एक वीडियो संदेश जारी कर यह मांग भी की थी कि CBI उनसे मीडिया की मौजूदगी में पूछताछ करे, क्योंकि जांच सुप्रीम कोर्ट के किसी मौजूदा जज की निगरानी में नहीं हो रही है।
जांच का दायरा और 'VIP' का एंगल
इस साल फरवरी में CBI ने इस मामले की जांच अपने हाथ में ली थी, जिसके बाद दिल्ली स्थित 'स्पेशल क्राइम ब्रांच' ने एक 'अज्ञात वीआईपी' के खिलाफ केस दर्ज किया था। दरअसल, कुछ समय पहले उर्मिला सनावर से जुड़े कुछ ऑडियो और वीडियो क्लिप वायरल हुए थे, जिसके बाद यह मामला फिर से गरमा गया था। एक फेसबुक लाइव में सनावर ने हत्या में किसी 'वीआईपी' के शामिल होने का जिक्र किया था, जिससे नया विवाद खड़ा हो गया था।
इसी राजनीतिक दबाव और विभिन्न संगठनों की मांगों के चलते उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने 9 जनवरी को आधिकारिक तौर पर CBI जांच की सिफारिश की थी।
क्या था अंकिता भंडारी मामला?
19 वर्षीय अंकिता भंडारी 'वनंत्रा रिसॉर्ट' में रिसेप्शनिस्ट थीं, जिनकी 18 सितंबर, 2022 को हत्या कर दी गई थी। उनका शव करीब एक हफ्ते बाद चिल्ला शक्ति नहर से बरामद हुआ था, जिसके बाद पूरे उत्तराखंड में भारी जनाक्रोश देखने को मिला।
शुरुआती जांच एक विशेष जांच दल (SIT) ने की थी, जिसने 97 गवाहों के बयानों के आधार पर 500 पन्नों की चार्जशीट दायर की थी। इस मामले में रिसॉर्ट के मालिक और मुख्य आरोपी पुलकित आर्य, सौरभ भास्कर और अंकित गुप्ता को आजीवन कारावास की सजा सुनाई जा चुकी है। आर्य को हत्या, सबूतों से छेड़छाड़ और अनैतिक तस्करी जैसे गंभीर आरोपों में दोषी पाया गया था।
इनपुट: IANS



