बेल्जियम में बजट पर गतिरोध: प्रधानमंत्री का इस्तीफा राजा ने किया नामंजूर, बातचीत फिर शुरू करने के निर्देश
बेल्जियम में सार्वजनिक वित्त पर चल रहे गहरे राजनीतिक संकट के बीच, राजा फिलिप ने प्रधानमंत्री बार्ट डी वेवर का इस्तीफा अस्वीकार कर दिया है। समाचार एजेंसी IANS की एक रिपोर्ट के अनुसार, राजा ने शुक्रवार…
बेल्जियम में सार्वजनिक वित्त पर चल रहे गहरे राजनीतिक संकट के बीच, राजा फिलिप ने प्रधानमंत्री बार्ट डी वेवर का इस्तीफा अस्वीकार कर दिया है। समाचार एजेंसी IANS की एक रिपोर्ट के अनुसार, राजा ने शुक्रवार को प्रधानमंत्री को तत्काल बजट वार्ता फिर से शुरू करने का निर्देश दिया, क्योंकि सत्तारूढ़ गठबंधन सरकार में खर्च कटौती और करों को लेकर सहमति नहीं बन पा रही है।
प्रधानमंत्री डी वेवर ने सोमवार को अपने पद से इस्तीफा दे दिया था, जब पांच दलों की उनकी गठबंधन सरकार बजट पर एक आम सहमति बनाने में विफल रही थी। इसके बाद राजा फिलिप ने कोई तत्काल निर्णय लेने के बजाय गठबंधन के सभी दलों के नेताओं से अलग-अलग बातचीत की।
गठबंधन में एकजुटता का प्रयास
सिन्हुआ समाचार एजेंसी की रिपोर्ट का हवाला देते हुए बताया गया है कि सभी पांच गठबंधन दलों के नेताओं ने राजा के साथ अपनी बातचीत में अगले तीन वर्षों के लिए एक मजबूत बजट योजना बनाने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई। उन्होंने यह भी भरोसा दिलाया कि वे एक समझौते पर पहुंचने के लिए आवश्यक रियायतें देने के लिए तैयार हैं।
राजा फिलिप ने इस बात पर जोर दिया कि देश में सामाजिक एकता बनाए रखने और आर्थिक विकास को बढ़ावा देने के बीच संतुलन साधना बेहद ज़रूरी है। नेताओं द्वारा जिम्मेदारी और समझौते की भावना को प्राथमिकता देने के वादे के बाद राजा ने प्रधानमंत्री का इस्तीफा खारिज कर दिया। अब प्रधानमंत्री डी वेवर को 16 नवंबर को राजा को प्रगति रिपोर्ट सौंपनी होगी।
बजट को लेकर क्या हैं मतभेद?
गठबंधन सरकार देश के सार्वजनिक वित्त को दुरुस्त करने के लिए 10 अरब यूरो (लगभग 11.17 अरब अमेरिकी डॉलर) के खर्च में कटौती और कर वृद्धि की योजना पर काम कर रही है। हालांकि, प्रधानमंत्री डी वेवर की फ्लेमिश राष्ट्रवादी पार्टी (एन-वीए) और उदारवादी पार्टी (एमआर) सरकारी खर्च, विशेषकर स्वास्थ्य सेवाओं पर, को अधिक नियंत्रित करना चाहती हैं। दूसरी ओर, गठबंधन में शामिल समाजवादी और मध्यमार्गी दल चाहते हैं कि बजट सुधार का बड़ा हिस्सा अमीर लोगों पर अधिक कर लगाकर जुटाया जाए।
आर्थिक दबाव और यूरोपीय संघ के नियम
बेल्जियम पर जल्द से जल्द बजट सुधार योजना पर सहमति बनाने का भारी दबाव है। यूरोस्टेट के आंकड़ों के मुताबिक, 2025 में बेल्जियम का बजट घाटा उसके सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) का 5.2 प्रतिशत था, और सरकारी कर्ज जीडीपी के 108.1 प्रतिशत तक पहुंच गया था। ये दोनों ही आंकड़े यूरोपीय संघ (ईयू) द्वारा निर्धारित सीमाओं (क्रमशः 3% और 60%) से काफी अधिक हैं।
इनपुट: IANS



