शोपियां HDFC बैंक धोखाधड़ी: क्राइम ब्रांच की कार्रवाई के बाद 13 पीड़ितों को वापस मिले ₹4.50 करोड़
जम्मू-कश्मीर के शोपियां में HDFC बैंक के 13 जमाकर्ताओं के लिए एक बड़ी राहत की खबर है, जिन्हें धोखाधड़ी में गंवाए अपने 4.50 करोड़ रुपये वापस मिल गए हैं। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, जम्मू-कश्मीर…
जम्मू-कश्मीर के शोपियां में HDFC बैंक के 13 जमाकर्ताओं के लिए एक बड़ी राहत की खबर है, जिन्हें धोखाधड़ी में गंवाए अपने 4.50 करोड़ रुपये वापस मिल गए हैं। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, जम्मू-कश्मीर क्राइम ब्रांच की आर्थिक अपराध शाखा (EOW) की त्वरित जांच के बाद बैंक प्रबंधन ने यह राशि प्रभावित ग्राहकों को लौटा दी है।
यह पूरा मामला शोपियां स्थित HDFC बैंक शाखा में सामने आई एक सुनियोजित वित्तीय गड़बड़ी से जुड़ा है, जिसकी जांच FIR नंबर 30/2025 के तहत की जा रही है। शिकायत मिलने पर पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) और सूचना प्रौद्योगिकी (IT) अधिनियम की धाराओं के तहत मामला दर्ज किया था।
जांच और गिरफ्तारी की पूरी कहानी
मामले की गंभीरता को देखते हुए इसकी विस्तृत जांच का जिम्मा क्राइम ब्रांच की EOW विंग को सौंपा गया था। जांच में पता चला कि इस धोखाधड़ी में बैंक के अंदर के लोग ही शामिल थे। EOW ने तकनीकी साक्ष्यों, बैंक स्टेटमेंट और डिजिटल रिकॉर्ड के आधार पर 18 फरवरी, 2026 को पांच मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। इन आरोपियों में शोपियां और पुलवामा जिलों में तैनात HDFC बैंक के पूर्व शाखा प्रबंधक और कर्मचारी शामिल हैं।
अदालती कार्रवाई और आगे का रास्ता
गहन जांच और सबूत जुटाने के बाद, EOW कश्मीर ने मई 2026 में 11 आरोपियों के खिलाफ शोपियां के मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत में चार्जशीट दायर की। इस चार्जशीट में बैंकिंग धोखाधड़ी, आपराधिक साजिश और आईटी एक्ट से जुड़े मजबूत सबूत पेश किए गए हैं। फिलहाल यह मामला सक्षम अदालत में विचाराधीन है और आपराधिक कार्यवाही जारी है। EOW ने कहा है कि वह इस मामले को तार्किक अंजाम तक पहुंचाने और सभी दोषियों को कानून के तहत सख्त सजा दिलाने के लिए प्रतिबद्ध है।
इनपुट: IANS



