मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ विपक्ष लामबंद, BJD भी साथ आई, BJP ने बताया 'नौटंकी'
मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के खिलाफ विपक्षी दलों का विरोध प्रदर्शन तेज हो गया है, जिसमें अब बीजू जनता दल (BJD) भी शामिल हो गई है। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, दिल्ली में हुए इस प्रदर्शन…
मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के खिलाफ विपक्षी दलों का विरोध प्रदर्शन तेज हो गया है, जिसमें अब बीजू जनता दल (BJD) भी शामिल हो गई है। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, दिल्ली में हुए इस प्रदर्शन में BJD ने CEC पर लोकतंत्र की हत्या का आरोप लगाया, जबकि भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने इस पूरे घटनाक्रम को विपक्ष की 'नौटंकी' करार दिया है।
BJD ने CEC पर लगाए गंभीर आरोप
बीजेडी सांसद सुलता देव ने दिल्ली में प्रदर्शन के दौरान मुख्य चुनाव आयुक्त पर सीधा हमला बोला। उन्होंने कहा, "सीईसी ज्ञानेश कुमार ने जो किया, वह लोकतंत्र की हत्या है।" सांसद ने आरोप लगाया कि देशभर में 13 करोड़ और अकेले ओडिशा में 27.50 लाख मतदाताओं के नाम एसआईआर प्रक्रिया के तहत हटा दिए गए। उन्होंने सवाल उठाया, "यह किसके कहने पर किया गया? यह किस तरह का लोकतंत्र है?"
अपने दावे के समर्थन में, सुलता देव ने ओडिशा के भद्रक जिले के धामनगर का उदाहरण दिया। उन्होंने बताया, "धामनगर में बीएलओ ने आपत्ति जताई और सामने आकर बताया कि क्या हो रहा था। इसके बाद ईआरओ को भी सस्पेंड कर दिया गया।" देव ने यह भी आरोप लगाया कि ज्ञानेश कुमार को भाजपा कार्यालय से आदेश मिल रहे थे और वह सिर्फ उन पर हस्ताक्षर कर रहे थे।
गठबंधन से अलग, मुद्दे पर साथ: BJD
सुलता देव ने स्पष्ट किया कि उनकी पार्टी किसी भी गठबंधन का हिस्सा नहीं है, लेकिन एक जिम्मेदार दल के तौर पर वह लोगों की आवाज उठा रही है। उन्होंने कहा, "हमारे नेता नवीन पटनायक का यह साफ बयान है कि हम न तो इंडिया गठबंधन के साथ हैं और न ही एनडीए के साथ।" देव ने यह भी बताया कि नवीन पटनायक शुरुआत से ही ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं।
भाजपा का पलटवार
वहीं, विपक्ष के इन आरोपों पर भाजपा ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। रांची में पार्टी के पूर्व सांसद दीपक प्रकाश ने कहा, "नौटंकीबाज नौटंकी करने से बाज नहीं आ रहे। ये देश की जनता के सामने जोकर की तरह व्यवहार कर रहे हैं।"
प्रकाश ने कहा कि विपक्ष का किसी भी संवैधानिक संस्था पर विश्वास नहीं है, चाहे वह सुप्रीम कोर्ट हो, सीएजी, संसद या फिर चुनाव आयोग। उन्होंने विपक्ष को चुनौती देते हुए कहा, "अगर उनको चुनाव आयोग में गड़बड़ी लगती है, तो झारखंड में उन्होंने चुनाव जीता है, यहां के विधायकों को इस्तीफा देना चाहिए क्योंकि वो भी ईवीएम मशीन के द्वारा जीते हैं।" उन्होंने कर्नाटक का भी जिक्र करते हुए कहा कि वहां के विधायकों को भी इस्तीफा देना चाहिए, तभी नैतिकता का पता चलेगा।
इनपुट: IANS



