भाजपा नेता पर रेप का आरोप लगाने वाली महिला के पिता की पुलिस हिरासत में मौत

0

यूपी के बांगरमऊ (उन्नाव) से सत्ताधारी बीजेपी के विधायक कुलदीप सिंह सेंगर की मुश्किलें बढ़तीं दिख रहीं हैं. विधायक के खिलाफ दुष्कर्म का आरोप लगाने वाली पीड़िता के पिता की पुलिस कस्टडी में मौत हो गई. पिता ने रेप का मुकदमा वापस न लेने पर विधायक और उनके करीबियों पर मारपीट का आरोप लगाया था. कहा था कि सत्ता का दुरुपयोग कर विधायक ने उन्हें जेल भिजवा दिया.

उन्नाव के बांगरमऊ से बीजेपी विधायक कुलदीप सिंह सेंगर के भाई जय सिंह पर आरोप था कि 4 अप्रैल को उसने अपने गुंडों के साथ पीड़ित पप्पू उर्फ सुरेंद्र की बेरहमी से पिटाई की थी. इसकी शिकायत के बावजूद पुलिस ने विधायक का नाम एफआईआर से हटा दिया था. पुलिस ने आरोपियों के साथ मिलकर पप्पू को ही मारपीट के जुर्म मे जेल भेज दिया था.

मारपीट और गैंगरेप का आरोप

आरोप है कि पप्पू की बेटी का विधायक कुलदीप सिंह सेंगर ने गैंगरेप किया था. इसकी शिकायत पुलिस दर्ज नहीं कर रही थी. विधायक की तरफ से लगातार मामले मे पीछे हटने के लिए धमकी दी जा रही थी. नहीं मानने पर 4 अप्रैल को गुर्गों के साथ विधायक कुलदीप सिंह सेंगर के भाई ने पीड़ित परिवार पर हमला कर पप्पू की बुरी तरह पिटाई की थी.

दुष्कर्म पीड़िता ने रविवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के बंगले के सामने परिवार के साथ पहुंचकर आत्महत्या की कोशिश की थी. आरोप था कि पिछले साल विधायक और उनके साथियों ने उसके साथ दुष्कर्म किया. युवती ने बताया कि उसके साथ विधायक और उसके गुर्गों ने गैंगरेप किया है. मगर पुलिस दबाव में कार्रवाई नहीं कर रही. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मिलने के बाद भी कोई कार्रवाई नहीं हुई. आत्महत्या की कोशिश करने पर पुलिस ने पीड़िता को कस्टडी में ले लिया था.

तबियत खराब के बाद मौत

पीड़िता के पिता पप्पूसिंह की मौत सोमवार 9 अप्रैल को सुबह हुई. जिला अस्पताल के चिकित्सक डॉ. अतुल के मुताबिक पेट दर्द और उल्टी होने की समस्या पर पुलिस ने रविवार रात उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया था. इस घटना के बाद उन्नाव ही नहीं राजधानी लखनऊ में भी राजनीति गरमा गई है. विपक्ष ने बलात्कार पीड़िता के पिता की मौत के बहाने कानून व्यवस्था को लेकर योगी आदित्यनाथ सरकार पर हमला बोलना शुरू कर दिया है.

उधर घटना के बाद दबाव में आई सरकार ने कार्रवाई भी शुरू की. संबंधित माखी थाने के दारोगा को जहां निलंबित कर दिया गया, वहीं विधायक के चार समर्थकों की गिरफ्तारी भी हुई.

पीड़िता के परिवार का इतिहास

पप्पू सिंह ने आरोप लगाया था कि विधायक सेंगर के भाई अतुल सिंह ने साथियों के साथ मिलकर उसकी पिटाई की और उल्टे पुलिस को सौंप कर जेल भिजवा दिया. रविवार को जब पप्पू सिंह की हालत खराब हुई तो उन्हें जिला अस्पताल लाया गया. पुलिस ने चिकित्सको को पेट दर्द और उल्टी होने की बात कही. इस बीच सोमवार की अलसुबह ही पप्पू का निधन हो गया. जिससे पीड़िता परिवार ही नहीं पुलिस महकमे में भी हड़कंप मच गया. उधर आरोपी विधायक कुलदीप सिंह सेंगर ने कहा कि उन्हें फंसाने के लिए दुष्कर्म की बात कही जा रही. महिला के भाई हिस्ट्रीशीटर हैं, उन पर दर्जनों मुकदमे दर्ज हैं. इससे पहले भी वे एक युवक का अपहरण कर उन्हें झूठे मामले में फंसाने की कोशिश कर चुके हैं.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

5 × 4 =