बुधवार, 21 अक्टूबर 2026 · नई दिल्ली
राजनीति

दिल्ली: मछुआरा समुदाय ने SC आरक्षण की मांग पर किया प्रदर्शन, निषाद पार्टी ने बुलंद की आवाज़

दिल्ली के तालकटोरा स्टेडियम में बुधवार को मछुआरा समुदाय के लोगों ने अनुसूचित जाति (SC) श्रेणी में आरक्षण की मांग को लेकर एक बड़ा विरोध-प्रदर्शन आयोजित किया। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, इस प्रदर्शन…

दिल्ली: मछुआरा समुदाय ने SC आरक्षण की मांग पर किया प्रदर्शन, निषाद पार्टी ने बुलंद की आवाज़
(फोटो: IANS)

दिल्ली के तालकटोरा स्टेडियम में बुधवार को मछुआरा समुदाय के लोगों ने अनुसूचित जाति (SC) श्रेणी में आरक्षण की मांग को लेकर एक बड़ा विरोध-प्रदर्शन आयोजित किया। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, इस प्रदर्शन का नेतृत्व उत्तर प्रदेश सरकार में कैबिनेट मंत्री और निषाद पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. संजय निषाद ने किया। इसमें कश्यप, कहार, केवट, मल्लाह, मांझी और तुरैहा जैसे कई उप-समुदायों के लोग बड़ी संख्या में शामिल हुए।

विज्ञापन

प्रदर्शनकारियों ने हाथों में तख्तियां लेकर अपने संवैधानिक अधिकारों को तत्काल लागू करने की मांग की। इन तख्तियों पर "तुरैहा हैं अनुसूचित जाति के हकदार हैं" और "मझुआ एससी आरक्षण हमारा हक" जैसे नारे लिखे थे।

संवैधानिक अधिकार और पुरानी व्यवस्था की बहाली

इस अवसर पर डॉ. संजय निषाद ने समुदाय की मांगों पर विस्तार से बात की। उन्होंने कहा कि उनका समाज 1994 तक अनुसूचित जाति (SC) का प्रमाण पत्र प्राप्त करता था, लेकिन बाद में उन्हें पिछड़ी जाति (OBC) की सूची में डाल दिया गया। उन्होंने 21 दिसंबर 2016 के एक राज्यपाल के आदेश का भी उल्लेख किया, जिसमें स्पष्ट रूप से कहा गया था कि ये जातियां पिछड़ी नहीं, बल्कि अनुसूचित जाति की हकदार हैं। उन्होंने कहा, "हमारी मांग है कि हमारा नाम 9 प्रतिशत ओबीसी आरक्षण से खारिज कर अनुसूचित जाति में जोड़कर मझवार के नाम पर प्रमाण पत्र जारी किया जाए।"

"संविधान में स्पष्ट रूप से लिखा जाए हक"

IANS से बातचीत में यूपी के मंत्री ने कहा, "हमारे पुरखों ने देश को आजाद कराया और संविधान बनाया, इसलिए इन सभी लोगों का संविधान में हक बनता है।" उन्होंने मांग की कि समुदाय का हक संविधान में स्पष्ट रूप से दर्ज किया जाए। उन्होंने उत्तराखंड का उदाहरण देते हुए कहा, "जिस तरह उत्तराखंड में शिल्पकार को जाति नहीं बल्कि जातियों का समूह माना गया है, उसी तरह उत्तर प्रदेश में भी केवट, मल्लाह, मझवार को जातियों के समूह के रूप में मान्यता दी जाए।" डॉ. निषाद ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को धन्यवाद देते हुए यह भी याद दिलाया कि उन्होंने अपने 'मछुआरा विजन' में निषादों को अनुसूचित जाति का आरक्षण देने का वादा किया था।

उत्तर प्रदेश चुनाव पर भी की टिप्पणी

प्रदर्शन के दौरान डॉ. संजय निषाद ने उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव को लेकर भी अपनी प्रतिक्रिया दी। कांग्रेस द्वारा 150 सीटों पर चुनाव लड़ने और प्रियंका गांधी को जिम्मेदारी सौंपने के सवाल पर उन्होंने कहा, "कांग्रेस अब डूबता हुआ जहाज है, कोई उस पर बैठना नहीं चाहता। पिछली बार मुश्किल से 2 सीटें जीत पाए थे। इस बार 150 सीटों पर लड़े तो और बुरी हालत होगी।"

इनपुट: IANS

N

News4Social राजनीति डेस्क

News4Social राजनीति डेस्क — IANS समेत लाइसेंस-प्राप्त समाचार एजेंसियों की फीड से राजनीति और चुनाव से जुड़ी ताज़ा व प्रामाणिक खबरें संपादकीय समीक्षा के बाद प्रकाशित करता है। हर खबर उसके स्रोत के श्रेय (credit) के साथ दी जाती है। सभी लेख देखें →

आगे पढ़ें

और देखें →