चावड़ी बाज़ार इमारत हादसा: मलबे से 2 शव निकाले गए, रेस्क्यू ऑपरेशन सुबह तक जारी रहने की संभावना
पुरानी दिल्ली के घने चावड़ी बाज़ार इलाके में एक चार मंजिला इमारत ढहने के बाद रात भर चले बचाव अभियान में दो शव निकाले गए हैं। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, अभी भी दो अन्य लोगों के मलबे में दबे होने की…
पुरानी दिल्ली के घने चावड़ी बाज़ार इलाके में एक चार मंजिला इमारत ढहने के बाद रात भर चले बचाव अभियान में दो शव निकाले गए हैं। समाचार एजेंसी IANS के अनुसार, अभी भी दो अन्य लोगों के मलबे में दबे होने की आशंका है, जिसके चलते राहत और बचाव का काम अगली सुबह तक जारी रहने की उम्मीद है। अधिकारियों को भारी मलबे और घटनास्थल की तंग गलियों के कारण ऑपरेशन में गंभीर चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है।
चांदनी चौक के एसडीएम मनोज कुमार ने जानकारी दी कि लगभग 60 गज के प्लॉट पर बनी यह चार मंजिला इमारत गिरने के बाद उसका पूरा मलबा बेसमेंट और ग्राउंड फ्लोर पर जमा हो गया। हादसे के बाद, इमारत की कुछ दीवारें और कॉलम खतरनाक तरीके से हवा में लटके हुए थे, जिन्हें हटाए बिना बचाव दल का आगे बढ़ना जोखिम भरा था। इन असुरक्षित ढाँचों को हटाने में काफी समय लगा, क्योंकि तंग जगह होने के कारण वहाँ क्रेन ले जाना भी संभव नहीं था।
बचाव कार्य में आईं बड़ी बाधाएँ
एसडीएम मनोज कुमार ने बताया कि बचाव दल को अंदर जाने के लिए इमारत के टेढ़े हो चुके कॉलमों को काटना पड़ा। इसके बाद, लैंटर के स्लैब को काटकर अलग करने का काम शुरू हुआ, जो बहुत सावधानी और मेहनत की माँग करता है। उन्होंने कहा, "बचाव अभियान में तेजी लाने के साथ-साथ वहाँ काम कर रहे कर्मचारियों की सुरक्षा का ध्यान रखना भी जरूरी है।" एनडीआरएफ की टीम ने मलबे का एक बड़ा हिस्सा हटा दिया है, लेकिन बेसमेंट में अभी भी मलबा फंसा हुआ है।
इसी दौरान, बचाव दल ने एक बड़ी सफलता हासिल करते हुए गिरी हुई इमारत के सामने वाले एक घर में फंसे सभी 22 लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
प्रशासन पर उठे सवाल
इस हादसे और बचाव कार्य की गति को लेकर स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल उठाए हैं। आम आदमी पार्टी के विधायक कुलदीप कुमार ने आरोप लगाया कि "सरकार 12 घंटे बाद भी बचाव अभियान पूरा नहीं कर पाई है और इस मामले में बड़े-बड़े दावे किए जा रहे हैं।" वहीं, 'आप' की स्थानीय पार्षद राफिया माही ने इलाके में बिल्डर माफिया की भूमिका पर सवाल उठाते हुए दावा किया कि ढह गई इमारत के तीन मंजिलों पर निर्माण कार्य चल रहा था।
इनपुट: IANS



