1 नवंबर की 'वोट बचाओ रैली' से पहले कांग्रेस का केंद्र पर आरोप, कहा- सरकार हमारे कार्यकर्ताओं को दिल्ली आने से रोक रही है
कांग्रेस पार्टी ने केंद्र सरकार पर 1 नवंबर को दिल्ली में प्रस्तावित 'वोट बचाओ महा रैली' में बाधा डालने का गंभीर आरोप लगाया है। पार्टी का कहना है कि देश के विभिन्न हिस्सों से दिल्ली आ रहे उसके…
कांग्रेस पार्टी ने केंद्र सरकार पर 1 नवंबर को दिल्ली में प्रस्तावित 'वोट बचाओ महा रैली' में बाधा डालने का गंभीर आरोप लगाया है। पार्टी का कहना है कि देश के विभिन्न हिस्सों से दिल्ली आ रहे उसके कार्यकर्ताओं और समर्थकों को रोका जा रहा है। समाचार एजेंसी IANS की एक रिपोर्ट के अनुसार, कांग्रेस ने दावा किया है कि भारतीय रेलवे भी इसमें सहयोग नहीं कर रहा है।
यह आयोजन दिल्ली के रामलीला मैदान में 'इंडिया' ब्लॉक के 'दिल्ली चलो मार्च' के तहत होना है। कांग्रेस के राज्यसभा सांसद जेबी माथेर ने कहा कि पार्टी को ऐसी सूचनाएं लगातार मिल रही हैं। उन्होंने कहा, "हमें जानकारी मिली है कि देश के अलग-अलग हिस्सों से दिल्ली आ रहे कई लोगों को रोका जा रहा है।" माथेर ने विश्वास जताते हुए कहा, "वे हमें रोकने की कोशिश कर सकते हैं लेकिन भारत के हर कोने से लोग दिल्ली जरूर पहुंचेंगे, चाहे वे कुछ भी कर लें।"
रेलवे पर असहयोग का आरोप
इस मामले की शुरुआत कांग्रेस महासचिव केसी वेणुगोपाल के आरोपों से हुई। उन्होंने कहा था कि तेलंगाना समेत कई राज्यों से दिल्ली आने वाले कांग्रेस सांसदों, विधायकों और कार्यकर्ताओं को केंद्र सरकार और भारतीय रेलवे द्वारा रोकने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने विशेष रूप से आरोप लगाया कि भारतीय रेलवे ने तेलंगाना से दिल्ली के लिए विशेष ट्रेनों की मांग को टाल दिया था।
कांग्रेस प्रवक्ता उदित राज ने भी इन आरोपों का समर्थन करते हुए भाजपा सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा, "स्पेशल ट्रेनें ये अपने लिए लगाते हैं, जब इनका कोई कार्यक्रम होता है।" उदित राज ने आगे कहा, "जब कोई सोशल फंक्शन या बड़ा कार्यक्रम होता है, तो अतिरिक्त कोच अटैच किए ही जाते हैं लेकिन इस बार कोच भी अटैच नहीं होने दे रहे हैं।" उन्होंने यह भी कहा कि सरकार राहुल गांधी से डरी हुई है और रैली को विफल करने की हरसंभव कोशिश कर रही है।
तेलंगाना में विरोध प्रदर्शन
रेलवे द्वारा कथित तौर पर विशेष ट्रेनों की मांग को अनदेखा करने के विरोध में तेलंगाना कांग्रेस के नेताओं ने कार्रवाई भी की। प्राप्त जानकारी के अनुसार, पार्टी नेताओं ने सिकंदराबाद स्थित दक्षिण मध्य रेलवे के कार्यालय के बाहर इस मुद्दे को लेकर प्रदर्शन किया।
इनपुट: IANS



