व्यापारियों ने राहुल गांधी को लिखा पत्र, कहा- 'आपके विरोध प्रदर्शनों से त्योहारों में कारोबार चौपट हो रहा है'
देश के कई प्रमुख व्यापारी संगठनों ने कांग्रेस नेता और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी को पत्र लिखकर अपनी चिंताएं जाहिर की हैं। इन संगठनों का आरोप है कि चुनाव आयोग के खिलाफ 'इंडिया' गठबंधन के…
देश के कई प्रमुख व्यापारी संगठनों ने कांग्रेस नेता और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी को पत्र लिखकर अपनी चिंताएं जाहिर की हैं। इन संगठनों का आरोप है कि चुनाव आयोग के खिलाफ 'इंडिया' गठबंधन के विरोध प्रदर्शनों के कारण त्योहारी सीजन में उनका कारोबार बुरी तरह प्रभावित हो रहा है और उनकी रोजी-रोटी दांव पर लग गई है।
समाचार एजेंसी IANS की रिपोर्ट के मुताबिक, इन प्रदर्शनों के चलते लगाई गई पाबंदियों, सड़कों के बंद होने और बाजार बाधित होने से कारोबारी समुदाय खासा परेशान है। भारतीय उद्योग व्यापार मंडल और जयपुर व्यापार महासंघ समेत कई अन्य संगठनों ने राहुल गांधी से इन प्रदर्शनों पर पुनर्विचार करने की अपील की है ताकि त्योहारी मौसम में व्यापार सुचारू रूप से चल सके।
व्यापारियों की सीधी अपील
विभिन्न कारोबारी नेताओं ने वीडियो संदेश और सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए अपनी बात रखी है। राष्ट्रीय व्यापारी कल्याण बोर्ड के सदस्य सिराजुद्दीन एल्लाथोडी ने एक वीडियो संदेश में कहा, "राहुल जी, यह व्यापारियों के समुदाय की ओर से एक अपील है। बहुत से व्यापारी अपने कारोबार के लिए त्योहारों के इस मौसम पर निर्भर रहते हैं। हाल के विरोध प्रदर्शनों का कारोबार पर बहुत बुरा असर पड़ रहा है। हम आपसे अनुरोध करते हैं कि कृपया इस तरह के विरोध प्रदर्शन वापस लें।"
इसी बोर्ड के एक अन्य सदस्य अजय गुप्ता ने भी राहुल गांधी से व्यापारियों की दिक्कतों पर विचार करने का आग्रह किया। वहीं, दिल्ली दाल एवं बेसन मिलर्स एसोसिएशन के सदस्य घनश्याम दास गोयल ने 'एक्स' पर लिखा, "राहुल गांधी जी, एसआईआर के मुद्दे पर आपके और सहयोगी दलों के विरोध-प्रदर्शनों से व्यापारियों के कारोबार पर संकट खड़ा होना दुर्भाग्यपूर्ण है। राजनीतिक विरोध के नाम पर व्यापारियों की रोजी-रोटी को दांव पर लगाना कहां तक उचित है?"
बेंगलुरु के एक व्यापारी नेता प्रकाश पिरगल ने भी त्योहारी और शादी-ब्याह के मौसम का हवाला देते हुए कहा, "हम आपसे आग्रह करते हैं कि आप बातचीत के ज़रिए इस मुद्दे को सुलझाएं, न कि सड़कों पर उतरकर व्यापारियों के लिए दशहरा और दिवाली का त्योहार खराब करें।"
क्यों हो रहे हैं ये विरोध प्रदर्शन?
कांग्रेस के नेतृत्व वाला 'इंडिया' गठबंधन और कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी), चुनाव आयोग द्वारा कराए जा रहे मतदाता सूची के 'विशेष गहन पुनरीक्षण' (SIR) में कथित अनियमितताओं को लेकर देश भर में प्रदर्शन कर रहे हैं। इन दलों ने इस विवाद को लेकर मुख्य चुनाव आयुक्त (सीईसी) ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग भी की है।
विपक्षी दलों का आरोप है कि मतदाता सूची संशोधन प्रक्रिया में गड़बड़ियां हैं, जबकि भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) ने इस प्रक्रिया का बचाव करते हुए कांग्रेस पर मुद्दे का राजनीतिकरण करने का आरोप लगाया है। इन्हीं प्रदर्शनों के कारण कई जगहों पर सुरक्षा पाबंदियां लगाई गई हैं, जिससे व्यापारिक गतिविधियां प्रभावित हुई हैं।
इनपुट: IANS



