भाण्डेर तहसीलदार पर भ्रष्टाचार के आरोप: कांग्रेस ने दतिया कलेक्टर के नाम ज्ञापन सौंपा; जांच की मांग उठाई – datia News h3>
दतिया के भाण्डेर तहसील में राजस्व कार्यों के संचालन को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। ब्लॉक कांग्रेस कमेटी भाण्डेर के कार्यकारी अध्यक्ष एवं विधायक प्रतिनिधि जगदीश पाराशर ने मंगलवार को कलेक्टर के नाम एक ज्ञापन एसडीएम सोनाली राजपूत को सौंपकर तहसीलदार सुनील भदौरिया पर भ्रष्टाचार और आमजन को परेशान करने के गंभीर आरोप लगाए हैं। ज्ञापन में सीमांकन, नामांतरण, बंटवारा और अतिक्रमण संबंधी मामलों में कथित रूप से रिश्वत लेकर काम करने तथा बिना लेन-देन के प्रकरण लंबित रखने की शिकायत की गई है। आरोप- वही काम होते हैं जिनके पैसे दिए हों
ज्ञापन के अनुसार तहसील कार्यालय में सीमांकन (नाप) के सैकड़ों प्रकरण लंबित पड़े हैं और केवल उन्हीं मामलों का निराकरण किया जा रहा है, जिनमें कथित रूप से पैसा दिया गया हो। आरोप लगाया गया है कि नामांतरण और फौती नामांतरण के कई मामले वर्षों से लंबित हैं तथा बंटवारा प्रकरणों में भी आवेदकों से हजारों रुपए की मांग की जाती है। कांग्रेस नेता ने यह भी आरोप लगाया कि कलेक्टर कार्यालय से प्राप्त अवैध अतिक्रमण संबंधी शिकायतों का समय पर निराकरण नहीं किया जा रहा है। ज्ञापन में ततारपुर स्कूल की शासकीय भूमि, सागर ताल क्षेत्र, सिकंदरपुर और लहार चौराहे पर कथित अतिक्रमण के मामलों का उल्लेख करते हुए कार्रवाई की मांग की गई है। कहा- प्रकरण कार्यालय के बजाय निवास पर रखे
ज्ञापन में यह आरोप भी लगाया गया है कि कई न्यायालयीन और राजस्व प्रकरण कार्यालय के बजाय तहसीलदार के निजी निवास पर रखे गए हैं तथा लेन-देन होने के बाद ही उन्हें दायर या निपटाया जाता है। कुछ लंबित प्रकरणों के क्रमांक भी जांच के लिए प्रस्तुत किए गए हैं। जगदीश पाराशर ने कलेक्टर से पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच कराने, किसानों और अधिवक्ताओं के बयान दर्ज करने तथा दोषी पाए जाने पर संबंधित अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की है। ज्ञापन की प्रतिलिपि राजस्व मंत्री, दतिया जिले के प्रभारी मंत्री और प्रमुख सचिव राजस्व विभाग को भी भेजी गई है।