लोनी गोल चक्कर फ्लाई ओवर पर तेज़ रफ्तार वैन बस से टकराई, 3 की मौत, 8 घायल h3>
इससे वैन ड्राइवर हर्ष विहार निवासी शिव कुमार (33), सादतपुर निवासी नंदकिशोर चौधरी (45), उनकी पत्नी रीना (42), बेटा सिद्धांत (12), सास सविता (65), करावल नगर निवासी साधना गिरी (9), उनकी मौसी का बेटा नितेश (25), बेटी नेहा (14), मुस्तफाबाद निवासी मंजूर अंसारी (35), मोती सिंह (33), जितेंद्र (25) और एक अन्य बुरी तरह जख्मी हो गए। सभी को जीटीबी अस्पताल ले जाया गया। जितेंद्र और एक अन्य युवक ड्राइवर के बगल वाली सीट पर थे, जबकि बुजुर्ग सविता पिछली सीट के विंडो की तरफ बैठी थीं। तीनों की मौके पर मौत हो गई थी।
आनंद विहार से हुए थे सवार
वैन में सवार जख्मी साधना (9) परिवार के साथ करावल नगर थाने के पास रहती हैं। वो सरकारी स्कूल में 9वीं में पढ़ती हैं। वो गर्मियों की छुट्टियों में मौसी के घर बरेली गई थी। स्कूल खुलने की वजह से गुरुवार दोपहर को मौसी की बेटी नेहा और बेटे नितेश के साथ ट्रेन से आनंद विहार रेलवे स्टेशन पर उतरीं। तीनों खजूरी चौक के लिए वैन में बैठ गए। जख्मी नेहा ने बताया कि पिछली सीट पर बैठे होने से वो बच गए, वरना टक्कर काफी जोरदार थी।
डिवाइडर से हुई स्पीड धीमी
चश्मदीदों ने बताया कि डिवाइडर की वजह से वैन पूरी तरह से बस की चपेट में आने से बच गई, क्योंकि इससे वैन की स्पीड धीमी हो गई थी। वरना हादसा और भी भयानक हो सकता था। ड्राइवर की बगल वाली सीट पर बैठी दोनों सवारियों को काफी गंभीर चोटें आई थीं। राहगीरों ने घायलों को वैन से निकाला, जिनमें कई गंभीर रूप से लहूलुहान हालत में थे। पुलिस के अलावा फायर ब्रिगेड की दो गाड़ियां भी मौके पर पहुंची।
अवैध रूप से चल रहीं वैन बनीं जानलेवा
सूत्रों ने बताया कि आनंद विहार बस अड्डे के बाहर से खजूरी चौक तक कई वैन अवैध रूप से चल रही हैं। ये सवारियों को बुरी तरह ठूंस कर तेज रफ्तार में चलते हैं। लोकल पुलिस और ट्रैफिक पुलिस वाले नियमों की धज्जियां उड़ाने वाले इन वैन ड्राइवरों के खिलाफ कोई एक्शन नहीं लेते हैं। शुरुआती जांच में पता चला है कि वैन प्राइवेट थी, जिसे टैक्सी के तौर पर चलाया जा रहा था।




