दिल्ली-जयपुर हाइवे पर रोड किनारे खड़ी थी कार, बेकाबू कैंटर ने मारी टक्कर, महिला और 3 बच्चों की मौत h3>
हाइवे पर ये हादसा देर रात करीब सवा 12 बजे हुआ। यूपी गाजियाबाद के भौपुरा गांव निवासी उमेश पाल प्राइवेट फाइनैंस का काम करते हैं। मंगलवार रात करीब 10 बजे ये अपने मां पुष्पा, बहन सताक्षी व रेनू, बहन के बच्चों आरोही, प्रिशा, विदांश, परी, यशिका, चारू व जीजा जोनीपाल के साथ भिवाड़ी राजस्थान स्थित खोली वाला मंदिर जाने के लिए निकले। सेंट्रो कार को जोनीपाल चला रहे थे। रात करीब सवा 12 बजे हाइवे पर झाड़सा फ्लाईओवर से थोड़ा पहले कार के ड्राइवर साइड का पिछला टायर पंक्चर हो गया। हाइवे पर ही कार को साइड में लगाकर ये देर रात टायर बदलने लगे। कार से सभी बच्चे व महिलाएं उतरकर हाइवे किनारे खड़े हो गए। उमेशपाल कार के ड्राइवर वाली साइड में था। आरोप है कि तभी दिल्ली की ओर से तेज रफ्तार से आए कैंटर से इनकी कार में पीछे से टक्कर मारी और आगे सड़क किनारे खड़ी परिवार की महिलाओं व बच्चों को कुचल दिया। काफी दूर जाकर कैंटर के ब्रेक लगे तो कार व कैंटर की चपेट में आकर बच्चे व महिलाएं घायल हो गए।
घायलों को मेदांता हॉस्पिटल में एडमिट कराया
हादसे में पुष्पा देवी, सताक्षी, रेनू, चारु, आरोही, यशिका, परी, प्रिशा, विदांश को काफी चोट लगी। तभी आरोपी चालक कैंटर को छोड़कर वहां से भाग गया। उमेशपाल व जोनीपाल को भी हल्की चोट लगी। हादसे के बाद मौके पर काफी राहगीर इकट्ठा हो गए। घायलों को इलाज के लिए मेदांता हॉस्पिटल में एडमिट कराया गया। जहां इलाज के दौरान 30 साल की सताक्षी, 2 साल की परी, 3 साल के विदांश, व 2 साल की प्रिशा की मौत हो गई। जबकि पुष्पा, आरुषि, चारु व रेनू का गंभीर हालत में इलाज चल रहा है।
चालक के खिलाफ FIR दर्ज
हादसे की सूचना मिलते ही सेक्टर-40 थाना से पुलिस टीम मौके पर पहुंची। फिर दोनों वाहनों को यहां से हटवाकर पुलिस टीम हॉस्पिटल पहुंची। जहां उमेशपाल ने पुलिस को बयान दिए। उसके बयान पर बुधवार सुबह सेक्टर-40 थाना में कैंटर के फरार चालक के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। थाना पुलिस की टीम अब मामले में कार्रवाई कर रही है।




