झाबुआ कलेक्टर ने पानी का क्लोरीन टेस्ट करवाया: पीने योग्य मिला, वॉटर ट्रीटमेंट प्लांट और झायड़ा बैराज का किया निरीक्षण – Jhabua News h3>
झाबुआ कलेक्टर डॉ. योगेश तुकाराम भरसट ने मेघनगर नगर परिषद की पीने के पानी की सप्लाई व्यवस्था का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने वॉटर ट्रीटमेंट प्लांट, झायड़ा बैराज और इंटेक वेल का मुआयना किया। कलेक्टर ने वॉटर ट्रीटमेंट प्लांट में कच्चे पानी को इकट्ठा करने से लेकर उसे साफ करने और घरों तक पहुंचाने की पूरी प्रक्रिया को देखा। उन्होंने पानी साफ करने के अलग-अलग चरणों, फिल्ट्रेशन यूनिट, क्लोरीनेशन व्यवस्था और पानी की जांच के सिस्टम की पूरी जानकारी ली। सामने करवाया पानी का क्लोरीन टेस्ट निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने साफ किए गए पानी का क्लोरीन टेस्ट अपने सामने करवाया। सीएमओ राहुल सिंह वर्मा ने बताया कि जांच के दौरान पानी में घुली हुई क्लोरीन की मात्रा 1 PPM पाई गई। उन्होंने साफ किया कि सप्लाई होने तक यह मात्रा एक से 2 PPM तक हो जाती है, जिसका मतलब है कि पानी पूरी तरह पीने लायक है। उन्होंने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि पीने के पानी की क्वालिटी की नियमित जांच की जाए। साथ ही, लोगों को साफ और सुरक्षित पानी देने में किसी भी तरह की लापरवाही न बरतने की हिदायत दी। कलेक्टर ने कहा कि शहर की पानी सप्लाई से जुड़े सभी सिस्टम का समय-समय पर रखरखाव और निगरानी बहुत जरूरी है। उन्होंने प्लांट की कार्यक्षमता बनाए रखने और क्वालिटी कंट्रोल के सभी नियमों का पालन करने पर जोर दिया, ताकि जनता को लगातार साफ पानी मिल सके। पानी में क्लोरीन की मात्रा सही मिली इसके बाद, कलेक्टर ने झायड़ा बैराज और इंटेक वेल का निरीक्षण किया। उन्होंने बैराज में पानी की उपलब्धता, पानी रोकने की क्षमता और इंटेक वेल से पानी खींचने की व्यवस्था को देखा। इस दौरान उन्होंने इंटेक वेल से गंदे पानी को हटाने की प्रक्रिया भी देखी। कलेक्टर ने निर्देश दिए कि पानी के सोर्सेज को प्रदूषण से बचाने के लिए जरूरी कदम उठाए जाएं। उन्होंने इंटेक वेल की मशीनरी, पंपों और बिजली के उपकरणों की नियमित जांच करने, समय पर मरम्मत कराने और इमरजेंसी के लिए दूसरा इंतजाम तैयार रखने के आदेश दिए।