राज्यसभा के बाद अब विधान परिषद के लिए MVA- बीजेपी आमने सामने, दस सीटों पर होगा चुनाव

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राज्यसभा के बाद अब विधान परिषद के लिए MVA- बीजेपी आमने सामने, दस सीटों पर होगा चुनाव

मुंबई: राज्यसभा के चुनाव (Rajyasabha Chunav) की गुत्थी सुलझी ही नहीं थी कि विधान परिषद (Maharashtra Legislative Council) का चुनाव आ गया। विधान परिषद की खाली हुईं 10 सीटों पर नामांकन भरने की अंतिम तारीख 9 जून है। यहां पर भी महाविकास आघाडी और विपक्ष बीजेपी के बीच तनातनी के आसार हैं। मंगलवार को शिवसेना की ओर से हलचल दिखाई दी। शिवसेना (Shivsena) की ओर से पूर्व मंत्री सचिन अहिर और नंदुरबार जिला प्रमुख आमशा पडवी का नाम सामने आया है। बुधवार को बीजेपी (BJP) और एनसीपी (NCP) भी उम्मीदवारों के नाम की घोषणा कर सकती है। महाराष्ट्र विधान परिषद के सभापति रामराजे नाईक निंबालकर, विरोधी पक्ष नेता प्रवीण दरेकर, कैबिनेट मंत्री सुभाष देसाई सहित जैसे दिग्गजों का कार्यकाल खत्म हो गया है।

इसमें बीजेपी के प्रवीण दरेकर, सदाभाऊ खोत, सुजीत सिंह ठाकुर, प्रसाद लाड और दिवंगत आर एन सिंह रिटायर हुए हैं। बीजेपी समर्थित शिवसंग्राम के विनायक मेटे का भी कार्यकाल खत्म हो गया है। शिवसेना की ओर से सुभाष देसाई और दिवाकर रावते भी रिटायर हो रहे हैं। एनसीपी की ओर से रामराजे नाईक निंबालकर और संजय दौंड का भी कार्यकाल खत्म हो गया है।

ये है विधान परिषद का गणित
इनकी जगह पर नए सदस्यों के चुनाव हेतु घोषणा कर दी है। इस बार विधान परिषद की एक सीट के लिए 27 विधानसभा के विधायकों का समर्थन चाहिए। विधानसभा में बीजेपी के पास निर्दलीय सहित 113 विधायक हैं। इसके अनुसार, बीजेपी के चार सदस्य आसानी से विधान परिषद की दहलीज तक पहुंच जाएंगे। इसके बाद भी उनके पास चार वोट अतिरिक्त बचते हैं। शिवसेना के 55 विधायक हैं। उनके दो सदस्य जीत जाएंगे। शिवसेना के पास एक वोट अतिरिक्त बचेगा। इसी तरह से एनसीपी के 53 विधायक हैं। शिवसेना का एक अतिरिक्त वोट एनसीपी को चला जाएगा। इससे एनसीपी की दो सीटें आएंगी।

देसाई का नाम न आने की चर्चा
शिवसेना के सचिन और अमशा पड़वी के नाम की चर्चा मंगलवार को शिवसेना की ओर से दो नाम चर्चा में आए। पूर्व मंत्री व सचिन अहिर और नंदुरबार जिले के आमशा पाडवी का नाम सामने आया। उन्होंने 2014 और 2019 में आदिवासी विकास मंत्री केसी पड़वी के खिलाफ अक्कलकुवा विधानसभा क्षेत्र से चुनाव लड़ा था। दोनों बार उन्हें हार का सामना करना पड़ा, लेकिन 2019 के चुनाव में आमशा पाडवी को 80,777 वोट मिले थे। उद्योग मंत्री सुभाष देसाई का नाम नहीं आने से लोगों ने आश्चर्य व्यक्त किया।

एनसीपी में खडसे के नाम की चर्चा
एनसीपी की तरफ से विधान परिषद के लिए एकनाथ खडसे के नाम पर की चर्चा है। सूत्रों ने बताया कि इसके लिए उपमुख्यमंत्री अजित पवार और जयंत पाटील ने देर रात एनसीपी प्रमुख शरद पवार से मुलाकात की थी।

दिल्ली से आएगा बीजेपी-कांग्रेस के उम्मीदवार का नाम
बीजेपी में दरेकर, लाड के नाम की चर्चा है। इसके अलावा पंकजा मुंडे का नाम भी है, लेकिन बीजेपी की लिस्ट दिल्ली हाईकमान जारी करेगा। यही हाल कांग्रेस का भी है।

ये हो रहे हैं रिटायर

बीजेपी
– सदाभाउ खोत

– सुजीत सिंह ठाकुर

– प्रवीण दरेकर

– प्रसाद लाड

– दिवंगत आर.एन. सिंह

बीजेपी समर्थित शिवसंग्राम

– विनायक मेटे

शिवसेना
– सुभाष देसाई

– दिवाकर रावते

एनसीपी
– रामराजे नाईक निंबालकर

– संजय दौंड

चुनावी कार्यक्रम
– 2 जून को चुनाव आयोग ने अधिसूचना जारी की

– 9 जून को नामांकन भरने की अंतिम तिथि

-10 जून को नामांकन छंठनी

-13 जून तक नाम वापस लेने की अंतिम तिथि

-20 जून की सुबह 9 बजे से शाम 4 बजे तक मतदान

– उसी दिन शाम 5 बजे मतगणना, शाम तक नतीजे जारी

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